गौतम गंभीर का नाम भारतीय क्रिकेटर्स के उन चुनिंदा सलामी बल्लेबाजों में लिया जाता हैं, जिन्होंने अपने अक्रामक खेल से विपक्षी पर हमेशा दबाव बनाया। 2007 टी-20 और 2011 विश्व कप फाइनल में अपनी पारी से टीम इंडिया का विजय तिलक करने वाला यह खिलाड़ी लंबे समय से टीम से बाहर चल रहा था।
आईपीएल और घरेलू क्रिकेट में भी प्रदर्शन खास नहीं रहा। चंद महीनों बाद शुरू होने वाले विश्व कप में खेलने की भी उम्मीद न के बराबर थी। नतीजतन उन्होंने संन्यास लेना ही ठीक समझा। मगर वे अकेले नहीं हैं, जिन्हें भारतीय क्रिकेट ने उस तरह की विदाई नहीं दी जिस विदाई के वो हकदार थे। आइए जानते हैं इन खिलाड़ियों के बारे में जिन्होंने ऐसे ही संन्यास लेकर सभी को चौंका दिया था।