गौतम गंभीर की अगुवाई वाली कोलकाता नाइटराइडर्स (केकेआर) टीम ने एक और मुकाबला बेहद नाटकीय अंदाज में जीत लिया है। इस जीत के साथ वह अंकतालिका में शीर्ष पर भी काबिज हो गई।
गंभीर की टीम में एकजुटता दिख रही है और अंत तक संघर्ष करने के जज्बे ने ही उसे 9 मैचों में से छठी जीत दिला दी है। लेकिन किंग्स इलेवन पंजाब के खिलाफ 7 रन से मिली जीत के बावजूद इस मैच में एक ऐसा वाकया हुआ जो न सिर्फ आईपीएल के इतिहास में पहली बार हुआ बल्कि टी-20 क्रिकेट के इतिहास में महज दूसरी बार ही ऐसा हुआ।
पंजाब के खिलाफ मुकाबले में पहले बल्लेबाजी करते हुए केकेआर ने 3 विकेट खोकर 164 रन बनाए। रॉबिन उथप्पा ने सबसे ज्यादा 70 और कप्तान गौतम गंभीर ने 54 रनों की पारी खेली। उसकी ओर से 3 विकेट गिरे और तीनों ही रनआउट हुए। उथप्पा, गंभीर और आंद्रे रसेल तीनों ही रनआउट हुए। इस तरह से विपक्षी टीम का कोई भी गेंदबाज एक भी विकेट अपने खाते में नहीं डाल सका।
आईपीएल में ऐसा पहली बार हुआ है कि जब किसी एक टीम की पूरी पारी के दौरान 2 या 2 से ज्यादा विकेट गिरे और विकेट गेंदबाज के खाते में नहीं गए। वहीं किसी टी-20 क्रिकेट में ऐसी ही पहली घटना जिम्बॉब्वे में एक घरेलू मैच में हुई थी।