विराट कोहली का विश्व क्रिकेट में बतौर बल्लेबाज कद दिन-ब-दिन बढ़ता जा रहा है। लेकिन बतौर कप्तान भी वह टीम इंडिया को सफलता की नई ऊंचाईयों पर ले जा रहे हैं। साल 2017 की शुरुआत में महेंद्र सिंह धोनी की वनडे और टी-20 की कप्तानी छोड़ने के बाद विराट को क्रिकेट के तीनों फॉर्मेट की कप्तानी सौंप दी गई। लेकिन कप्तानी छोड़ते वक्त धोनी ने बोर्ड से ये वादा किया था कि वो मैदान पर विराट की मदद करते रहेंगे।
क्रिकेट की दुनिया के चाचा चौधरी हैं धोनी
विराट धोनी
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विराट की कप्तानी संभालने के 9 महीने बाद टीम इंडिया टेस्ट, वनडे और टी-20 तीनों फॉर्मेट में एक साथ नंबर वन बनने के करीब आ गई है। इस सफलता का श्रेय पूरी तरह विराट और धोनी की जोड़ी को जाता है। लेकिन कैप्टन विराट की नजर में धोनी क्रिकेट की दुनिया के चाचा चौधरी हैं ऐसा उन्होंने सीधे तौर पर तो ऐसा नहीं कहा लेकिन गौरव कपूर के यू-ट्यूब शो में एक ऐसी बात कही जिसका मतलब यही निकाला जा सकता है। जिस तरह कॉमिक्स कैरेक्टर चाचा चौधरी के बारे में कहा जाता है कि उनका दिमाग कंप्यूटर से तेज चलता है। वैसे ही विराट मानते हैं कि धोनी का दिमाग क्रिकेट को लेकर दुनिया में सबसे तेज चलता है।
इस वजह से नहीं हुई टीम की कप्तानी में बदलाव से परेशानी
विराट एंड धोनी
कोहली ने कहा कि धोनी के साथ खेलना हमेशा से ही अच्छा अनुभव रहा है। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि उनके साथ अच्छी समझदारी होने का ही नतीजा है कि कप्तान बदलने के टीम के बाकी सदस्यों की भी ज्यादा परेशानी नहीं हुई और ये बदलाव सफल रहा। विराट ने कहा, ‘कप्तान बदलने के समय का ट्रांजिशन काफी अच्छे से चला गया। किसी को भी किसी तरह की कोई परेशानी महसूस नहीं हुई। यहां तक की मैदान में भी किसी को यह महसूस नहीं हुआ कि कुछ बदलाव हुआ है। हम अभी भी मजाक और मस्ती करते हैं, वैसे ही जैसे पहले किया करते थे। ऐसे में मैं खुद को काफी भाग्यशाली समझता हूं कि धोनी अभी भी मेरे साथ ही हैं। मैंने अपनी कप्तानी पारी की शुरुआत में उनसे काफी कुछ सीखा और अभी भी सीख ही रहा हूं।’