इंग्लैंड के पूर्व कप्तान केविन पीटरसन ने भारतीय टीम प्रबंधन से चौथे टेस्ट मैच के लिए टर्निंग विकेट नहीं बनवाने का आग्रह किया है। उन्होंने कहा कि खिलाड़ी भी ऐसा नहीं चाहते हैं। पीटरसन ने मैच समाप्त होने के बाद हिंदी में ट्वीट किया, 'एक मैच के लिए ऐसा विकेट ठीक है जहां बल्लेबाज के कौशल और तकनीक का टेस्ट होता है लेकिन मैं इस तरह का विकेट और नहीं देखना चाहता और मुझे लगता है कि सारे खिलाड़ी भी नहीं चाहते। बहुत अच्छे, इंडिया।'
वहीं, पूर्व भारतीय क्रिकेटर युवराज सिंह ने भी इस पिच की प्रकृति पर निराशा व्यक्त की। उन्होंने ट्वीट किया, 'मैच दो दिन में समाप्त हो गया, पक्के तौर पर नहीं कह सकता कि यह टेस्ट क्रिकेट के लिए अच्छा है। अगर अनिल कुंबले और हरभजन सिंह इस तरह के विकेट पर गेंदबाजी करते तो उनके नाम पर 1000 और 800 विकेट दर्ज होते। फिर भी अक्षर, अश्विन को बधाई। इशांत शर्मा को 100वें टेस्ट मैच की बधाई।'
इंग्लैंड के पूर्व कप्तान माइकल वान ने भी पिच पर नाखुशी जताई। उन्होंने मजाकिया अंदाज में ट्वीट किया, 'अगर इस तरह की पिचें तैयार की जाती है तो मेरे पास जवाब है कि यह कैसे काम कर सकता है। टीमों को तीन पारियां खेलने के लिए दो।'
गावस्कर ने कहा कि बल्लेबाजों ने बेहद रक्षात्मक रवैये के कारण अपने विकेट गंवाये और उनमें से अधिकतर सीधी गेंदों पर आउट हुए। पूर्व बल्लेबाज लक्ष्मण ने कहा, 'यह टेस्ट मैच के लिये आदर्श पिच नहीं थी। यहां तक कि भारतीय बल्लेबाज भी नहीं चले।' वहीं, ऑफ स्पिनर हरभजन सिंह ने ने कहा, 'यह आदर्श पिच नहीं थी। अगर इंग्लैंड अपनी पहली पारी में 200 रन बना लेता तो भारत भी संकट में होता। लेकिन दोनों टीमों के लिये पिचें समान हैं।'
बता दें कि भारत ने यहां नरेंद्र मोदी स्टेडियम में तीसरा टेस्ट मैच गुरुवार को यहां दूसरे दिन ही 10 विकेट से जीतकर चार मैचों की श्रृंखला में 2-1 से बढ़त बनाकर विश्व टेस्ट चैंपियनशिप के फाइनल में पहुंचने की तरफ मजबूत कदम बढ़ाए।