रॉयल चैलेंजर्स बंगलोर (आरसीबी) और दिल्ली डेयरडेविल्स के बीच अंतिम लीग मुकाबला करो या मरो से कम नहीं है। प्लेऑफ में पहुंचने के लिए दोनों ही टीमों को जीत की दरकार है। एक जीत उन्हें प्लेऑफ में पहुंचा सकती है जबकि एक हार उन्हें बाहर का रास्ता दिखा सकती है।
अंक तालिका को देखें तो आरसीबी 13 मैचों से 14 अंक लेकर तीसरे स्थान पर है जबकि दिल्ली डेयरडेविल्स के भी इतने ही अंक हैं लेकिन वह तालिका में छठे स्थान पर है। नेट रनरेट के मुकाबले में वह आरसीबी ही नहीं बल्कि दो बार की चैंपियन कोलकाता नाइटराइडर्स और मुंबई इंडियंस दोनों से काफी पीछे हैं। केकेआर और मुंबई इंडियंस के भी 14-14 अंक हैं।
पूरे टूर्नामेंट को देखें तो विराट कोहली की अगुआई में बंगलुरू की टीम दिल्ली से काफी संतुलित और मजबूत दिखाई दे रही है। जीत की हैट्रिक के साथ रॉयल चैलेंजर्स बंगलोर इस समय शानदार फॉर्म में है। कप्तान कोहली खुद इस सत्र में चार शतक जड़ चुके हैं और वह अपने कैरियर के सर्वश्रेष्ठ दौर का लुत्फ उठा रहे हैं। कोहली 13 मैचों में साढे़ आठ सौ से ज्यादा रन बना चुके हैं।
कोहली के साथ एबी डीविलियर्स, क्रिस गेल और शेन वाटसन भी शानदार फॉर्म में हैं। चौकड़ी के शानदार फॉर्म में रहने के कारण बंगलुरू की टीम इस सत्र में चार बार 200 से ज्यादा रन का स्कोर कर चुकी है। गेंदबाजी में युजवेंद्र चहल और शेन वाटसन की स्पिन जोड़ी ने बंगलूरू के लिए अच्छा प्रदर्शन किया है। दोनों ने अब तक 16-16 विकेट झटक चुके हैं।
दूसरी ओर, लगातार दो हार के बाद पिछले मैच में शीर्ष पर काबिज सनराइजर्स हैदराबाद को छह विकेट से हराकर दिल्ली डेयरडेविल्स के खिलाड़ियों का मनोबल थोड़ा बढ़ा है। जहीर खान की अगुआई में टीम के प्रदर्शन में निरंतर उतार-चढ़ाव रहा है।
दिल्ली की बल्लेबाजी ज्यादातर क्विंटन डी कॉक के इर्द-गिर्द घूम रही है। करुण नायर और संजू सैमसन ने भी उम्दा योगदान दिया है। वहीं, घरेलू खिलाड़ी मयंक अग्रवाल, श्रेयस अय्यर, रिषभ पंत और पवन नेगी का प्रदर्शन कोई खास नहीं रहा है।
मेंटर राहुल द्रविड़ इन खिलाड़ियों से बेहतर प्रदर्शन करवाना चुनौती होगी। दिल्ली के गेंदबाजी अमित मिश्रा और क्रिस मौरिस पर निर्भर है। जहीर एंड कंपनी के लिए आरसीबी की चुनौती को पार पाना इस बात पर निर्भर करेगी कि वे एक इकाई के रूप में गेंदबाजी में कैसा प्रदर्शन करते हैं।