केंद्रीय परीक्षण एजेंसी होना महत्वपूर्ण
सूत्र ने समाचार एजेंसी एएनआई से बात करते हुए आगे कहा कि भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड ने महसूस किया कि एक केंद्रीय परीक्षण एजेंसी होना महत्वपूर्ण है क्योंकि इससे सभी परीक्षणों पर नजर रखने में मदद मिलेगी और साथ ही परीक्षण के परिणाम बोर्ड को तुरंत उपलब्ध होंगे। इस प्रक्रिया के चलते सूचना के प्रसारण में कोई देरी नहीं होगी। दिलचस्प बात यह है कि बीसीसीआई इस बार बायो बबल को मैनेज कर रहा है और मैच के दिन मैदान पर जाने वाले सभी खिलाड़ियों और अधिकारियों के शरीर के तापमान पर भी नजर रख रहा है।
डेटा सौंपने का आदेश
एक फ्रेंचाइजी के अधिकारी ने एएनआई से बात करते हुए कहा, भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड ने टीमों को न केवल बायो बबल में शामिल हर व्यक्ति के शरीर के तापमान की जांच करने के लिए कहा है बल्कि मैच के दिन बोर्ड को डेटा सौंपने के लिए भी कहा है। प्रत्येक फ्रेंचाइजी को टीम होटल से मैदान पर जाने से पहले मैच के दिन बीसीसीआई को डेटा भेजना होगा।
कोरोना की वजह से आईपीएल का 14वां सीजन हुआ था स्थगित
इंडियन प्रीमियर लीग का 14वां सत्र इस साल मई में कोरोना संक्रमण की वजह से स्थगित कर दिया गया था। क्योंकि उस दौरान कई खिलाड़ी भी संक्रमित हो चुके थे। करीब चार महीने बाद बीते रविवार को आईपीएल के दूसरे चरण की शुरुआत हुई। पहला मुकाबला चेन्नई सुपर किंग्स और मुंबई इंडियंस के बीच खेला गया। अब तक लीग के दूसरे चरण में सिर्फ एक कोरोना संक्रमण का मामला आया है। सनराइजर्स हैदराबाद के तेज गेंदबाज टी नटराजन संक्रमित पाए गए हैं।