पिछले एक साल में टीम इंडिया को टेस्ट मैचों में अपने घरेलू मैदानों पर जिस तरह हार मिली है उससे विपक्षी टीमों के हौसले बुलंद हो गए हैं। इंग्लैंड से टेस्ट सीरीज 1-2 से हारने के बाद घरेलू मैदानों पर टीम इंडिया की पोल खुल चुकी है। कंगारू भी भारतीय टीम को इंग्लैंड के खिलाफ मिली हार का उदाहरण दे रहे हैं। कंगारू स्पिनर नाथन लियोन ने माइंड गेम खेलते हुए कह डाला कि इंग्लैंड की रणनीति अपना कर एक बार फिर इंडिया को उसके घरेलू मैदानों पर हराएंगे।
संतुलन बनाना होगा
राहुल द्रविड़, लक्ष्मण जैसे खिलाड़ियों के संन्यास के बाद टीम इंडिया में एकाएक खालीपन आ गया है। हालांकि सचिन अभी भी टीम में हैं लेकिन बल्लेबाजी के मामले में अभी टीम इंडिया कच्ची ही है, जो इनकी ताकत हुआ करती थी। ऐसे में भारत को अगर घरेलू मैदान पर टेस्ट सीरीज जीतनी है तो उसे खेल के हर विभाग में संतुलित प्रदर्शन करना होगा।
तेज गेंदबाजी पर देना होगा ध्यान
जब गेंदबाजी की तरफ देखते हैं तो तेज गेंदबाजी में भारतीय टीम पूरी तरह संघर्ष करती दिख रही है। जहीर खान अपने अंतिम समय में हैं। अनफिट होने के कारण आराम कर रहे हैं लेकिन उम्मीद है उनकी टीम में वापसी होगी। जहीर के अलावा कोई भी सीनियर तेज गेंदबाज इस समय टीम में अपनी जगह बना पाए ऐसा मुश्किल ही लगता है। ऐसे में टीम मैनेजमेंट को चाहिए कि तेज गेंदबाजों के चयन पर विशेष ध्यान दे।
स्पिन डिपार्टमेंट का हो सही चयन
जहां तक स्पिन गेंदबाजी की बात है तो कप्तान धोनी अश्विन के अलावा किसी पर भरोसा करते नहीं। ऐसी उम्मीद की जा रही है कि अश्विन और ओझा की ही जोड़ी मैदान पर उतरेगी। हालांकि ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ हरभजन का प्रदर्शन उन्हें टीम में जगह दिला सकता है लेकिन अंतिम 11 में भज्जी को जगह मिले संभव नहीं दिखता है। धोनी को चाहिए कि भज्जी को भी मौका दें।
सलामी जोड़ी पर बड़ी जिम्मेदारी
बेशक सलामी जोड़ी को लेकर इस समय टीम इंडिया के पास विकल्पों की कमी नहीं है। सहवाग के बगैर टेस्ट टीम की अभी कल्पना नहीं की जा सकती है। गंभीर भी थोड़े बहुत रन बना ही ले रहे हैं जबकि ईरानी ट्रॉफी में मुरली विजय ने शतक ठोक अपनी मजबूत दावेदारी पेश कर दी है। जबकि टॉप आर्डर में कोहली और पुजारा फिट बैठते हैं।
सचिन को संतुलन बनाना होगा
सचिन, धोनी के अलावा युवी और रैना मध्यक्रम में होंगे। सचिन फिलहाल फॉर्म वापसी के संकेत दे चके हैं लेकिन इनके अलावा कोई भी बल्लेबाज इस स्थान पर ऑस्ट्रेलिया के आगे टिक पाएगा इस पर संदेह है। उम्मीद की जानी चाहिए कि टीम इंडिया ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ एक पारी में 400 रन बना पाने में कामयाब हो पाएगी।
भारतीय टीम का चयन रविवार को होगा। टीम इंडिया की मौजूदा स्थिति को देखें तो कुछ खिलाड़ियों की जगह तो पक्की है साथ ही कई दावेदार भी मिले हैं। पेश एक नजर--
टीम में जगह लगभग पक्की
महेंद्र सिंह धोनी, सचिन तेंदुलकर, गौतम गंभीर, मुरली विजय, विराट कोहली, चेतेश्वर पुजारा, आर. अश्विन, जहीर खान, भुवनेश्वर कुमार, प्रज्ञान ओझा, अशोक डिंडा।
दावेदार बल्लेबाज
वीरेंद्र सहवाग, युवराज सिंह, सुरेश रैना और रविंद्र जडेजा (ऑलराउंडर)।
दावेदार स्पिन गेंदबाज
हरभजन सिंह, पीयुष चावला।
दावेदार तेज गेंदबाज
शमी अहमद, विनय कुमार।