भारत ए और अफगानिस्तान ए के बीच खेले जा रहे त्रिकोणीय सीरीज के पांचवें वनडे मुकाबले में वैभव सूर्यवंशी को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हो गया। तीसरे अंपायर के एक फैसले ने मैच के दौरान बहस छेड़ दी, जबकि सोशल मीडिया पर भी इसे लेकर लगातार प्रतिक्रियाएं सामने आईं।
कैच के फैसले ने बढ़ाया विवाद
मुकाबले के दौरान वैभव सूर्यवंशी का कैच लपका गया था। बड़ी स्क्रीन पर रिप्ले दिखाए जाने के बाद ऐसा लग रहा था कि बल्लेबाज को पवेलियन लौटना पड़ेगा, लेकिन तीसरे अंपायर की राय इससे अलग थी। उनके मुताबिक बल्लेबाज को आउट देने के लिए पर्याप्त सबूत मौजूद नहीं थे।
अंपायर ने माना कि कैच लेते समय गेंद का कुछ हिस्सा जमीन को छू रहा था। इसी आधार पर वैभव सूर्यवंशी को नॉट आउट करार दिया गया। फैसले के बाद सोशल मीडिया पर बहस शुरू हो गई और कई लोगों ने इस निर्णय पर सवाल उठाए।
खुद आउट मान चुके थे सूर्यवंशी
जब यह घटना हुई तब वैभव सूर्यवंशी बिना खाता खोले बल्लेबाजी कर रहे थे। कैच लिए जाने के बाद वह खुद को आउट समझते हुए बाउंड्री लाइन की ओर बढ़ने लगे थे। हालांकि तीसरे अंपायर द्वारा स्क्रीन पर नॉट आउट का संकेत दिए जाने के बाद उन्हें दोबारा क्रीज पर लौटना पड़ा।
अफगान खिलाड़ियों ने मांगा जवाब
तीसरे अंपायर के फैसले से अफगानिस्तान ए के खिलाड़ी हैरान नजर आए। उन्होंने मैदान पर मौजूद अंपायरों से इस फैसले को लेकर स्पष्टीकरण भी मांगा। फैसला सुनाने से पहले तीसरे अंपायर ने कहा कि गेंद का कुछ हिस्सा जमीन को छू रहा है और इसी वजह से उन्होंने अपना निर्णय लिया है। हालांकि सोशल मीडिया पर कई प्रशंसक इस तर्क से सहमत नहीं दिखे और उन्होंने फैसले की निष्पक्षता पर सवाल खड़े किए।
मिले मौके, लेकिन नहीं खेल सके बड़ी पारी
15 वर्षीय सलामी बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को मैच में दो जीवनदान मिले। इसके बावजूद वह इन मौकों का पूरा फायदा नहीं उठा सके और 38 रन बनाकर आउट हो गए। उनका विकेट फरीदून दाऊदजई की गेंद पर गिरा। सूर्यवंशी का शॉट सही तरीके से बल्ले पर नहीं आया और कवर-प्वाइंट पर खड़े खालिद तानिवाल ने आसान कैच लेकर उनकी पारी का अंत कर दिया।