बीसीसीआई सीईओ राहुल जौहरी के खिलाफ लगे यौन उत्पीड़न के मामले में प्रशासकों की समिति की ओर गठित तीन सदस्यीय कमेटी ने गुरुवार को जांच शुरू कर दी। बीसीसीआई की ओर से इलाहबाद हाईकोर्ट के पूर्व जज राकेश शर्मा की अगुवाई वाली कमेटी के समक्ष मामले से जुड़े कागजात उपलब्ध कराए गए हैं, जिनकी समीक्षा कमेटी अगले दो दिनों में करेगी।
यही नहीं कमेटी ने बीसीसीआई के अलावा इस मामले में बोर्ड और बाहर के लोगों को भी साक्ष्य या अपने दुखों को रखने का मौका दे दिया है। कमेटी ने इसके लिए सात दिनों का मौका दिया है। इसके लिए कमेटी की ओर से एक विशेष ईमेल आईडी भी दी गई है, जिसमें इस मामले से जुड़ा कोई भी व्यक्ति अपनी वेदना प्रकट कर सकता है।
कमेटी ने साफ किया है कि बाहर का कोई व्यक्ति अगर उनके समक्ष पेश होना चाहता है तो उसे भी बुलाया जाएगा। साथ ही उसकी गोपनीयता बनाकर रखी जाएगी। कमेटी ने इसके लिए सात दिनों का मौका दिया है।
इसके बाद कमेटी 10 और 11 नवंबर को एक बार फिर मिलेगी और आए हुए दस्तावेजों की समीक्षा कर लोगों को पेशी के लिए बुलाया जाएगा। सीओए चेयरमैन विनोद राय ने इस मामले में कमेटी को 15 दिनों के अंदर रिपोर्ट देने को कहा है।