भारत के बल्लेबाजी कोच सितांशु कोटक ने सोमवार को कहा कि भारतीय टीम में चुने जाने के बाद से ही वैभव सूर्यवंशी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर डेब्यू के लिए तैयार थे। उन्होंने कहा कि टीम प्रबंधन इस युवा बल्लेबाज को तैयार करने के लिए कोई खास रणनीति नहीं अपना रहा था। 15 वर्ष 99 दिन की उम्र में सूर्यवंशी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेलने वाले सबसे युवा भारतीय खिलाड़ी बने जिन्होंने पिछले सप्ताह इंग्लैंड के खिलाफ दूसरे टी20 में डेब्यू किया था।
कोटक बोले- सूर्यवंशी को नहीं दिए गए कोई निर्देश
भारत और इंग्लैंड के बीच तीसरा टी20 मुकाबला मंगलवार को खेला जाएगा। कोटक ने कहा, टीम में चुने जाने के बाद से ही वह डेब्यू के लिए तैयार थे। ऐसा नहीं है कि वह पिछले मैच में ही तैयार हुए। हमारे लिए यही अहम था कि वह जैसा आज तक खेलते आए हैं, वैसे ही खेलें। कोई खास निर्देश उन्हें नहीं दिए गए कि यह करना है या यह नहीं करना है।
जिम्बाब्वे के खिलाफ सीरीज के लिए हुआ चयन
सूर्यवंशी को आयरलैंड और इंग्लैंड के खिलाफ सीरीज के बाद जिम्बाब्वे दौरे के लिए भी भारतीय टी20 टीम में चुना गया है। 23 जुलाई से होने वाली तीन मैचों की इस टी20 सीरीज के लिए संजू सैमसन को बाहर किया गया है और सूर्यवंशी को मौका मिला है। वैभव को डेब्यू कराने के लिए सैमसन को ही दूसरे मैच से बाहर बैठाया गया था।
भारतीय टीम के प्रदर्शन का किया बचाव
कोटक ने कहा कि नए कप्तान श्रेयस अय्यर के साथ और हार्दिक पांड्या जैसे ऑलराउंडर के बिना भारतीय टीम बदलाव के दौर में है। उन्होंने कहा, हमारा प्रयास तीनों विभागों बल्लेबाजी, गेंदबाजी और क्षेत्ररक्षण में बेहतर प्रदर्शन करना है। पिछले विश्व कप से अगले दो साल में होने वाले विश्व कप तक, उससे आगे के स्तर पर कैसे पहुंचा जाए क्योंकि हर टीम प्रदर्शन बेहतर करने की कोशिश में लगी है।
उन्होंने कहा , पिछले दो साल में हम कोई सीरीज नहीं हारे थे। हमने टी20 विश्व कप, टी20 एशिया कप जीता लेकिन तीन मैच हारने के बाद लोग कहने लगे कि हम हार रहे हैं। यह खेल का स्वभाव है। कई बार बदलाव का दौर होता है। नया कप्तान है, हार्दिक टीम में नहीं है और तीन चार नए खिलाड़ियों को मौका देने की कोशिश है। हारना नहीं चाहिए था लेकिन ऐसा होता है। हमारी टीम का प्रयास प्रदर्शन बेहतर करते रहना है।