दरअसल, यह घटना भारत की दूसरी पारी के 32वें ओवर में घटी। इस ओवर में यासिर अली गेंदबाजी कर रहे थे। उनके ओवर की पहली गेंद शुभमन गिल के पैड पर जाकर लगी। इस पर बांग्लादेशी खिलाड़ियों ने अपील की। हालांकि, ऑनफील्ड अंपायर ने नॉटआउट करार दिया। इस पर कप्तान शाकिब अल हसन ने अपने खिलाड़ियों से बातचीत कर डीआरएस का इस्तेमाल करने का फैसला लिया। फैसला थर्ड अंपायर के पास पहुंचा। हालांकि, थर्ड अंपायर की ओर से एक चौंकाने वाला फैसला आया।
थर्ड अंपायर ने कुछ देर तक इंतजार करने के बाद ऑनफील्ड अंपायर से बातचीत की और बताया कि वह इस पर रिव्यू नहीं कर पाएंगे, क्योंकि डीआरएस काम नहीं कर रहा है। इस पर बांग्लादेशी खिलाड़ी गुस्सा हो गए। कप्तान शाकिब तो गुस्से में लात स्टंप में मारने वाले थे, लेकिन फिर वह रुक गए। शाकिब पहले भी बांग्लादेश प्रीमियर लीग में स्टंप पर लात मारने और दुर्व्यवहार के लिए बैन हो चुके हैं। ऐसे में इस मैच में ऐसा करने से उनके लिए मुश्किलें खड़ी हो सकती थीं। जब यह घटना घटी उस वक्त शुभमन 70 रन बनाकर बल्लेबाजी कर रहे थे।
इसके बाद बांग्लादेश के खिलाड़ी निराश होकर कुछ देर तक अंपायर के आसपास खड़े रहे। हालांकि, बाद में खेल फिर से चालू हुआ। कुछ देर बाद रिव्यू के ठीक होने पर जब रिप्ले दिखाया गया तो दिखा कि गेंद आउटसाइड द लाइन पिच हो रही थी और इम्पैक्ट भी आउटसाइड था। ऐसे में बांग्लादेश अपना रिव्यू गंवा सकती थी। ऐसे में डीआरएस का इस्तेमाल नहीं होने से उनका रिव्यू बच गया। शुभमन ने दूसरी पारी में बेहतरीन शतक जड़ा। वह 152 गेंदों पर 110 रन बनाकर आउट हुए। अपनी पारी में शुभमन ने 10 चौके और तीन छक्के लगाए।
इसके अलावा कप्तान केएल राहुल ने 23 रन की पारी खेली। चेतेश्वर पुजारा ने 130 गेंदों में 102 रन की नाबाद पारी खेली। वहीं, विराट कोहली ने नाबाद 19 रन बनाए। भारत ने पहली पारी में 404 रन बनाए थे। जवाब में बांग्लादेश की पहली पारी 150 रन पर सिमट गई थी। दूसरी पारी में भारत ने दो विकेट पर 258 रन बनाकर पारी घोषित कर दी। इस तरह बांग्लादेश को 513 रन का लक्ष्य मिला। तीसरे दिन का खेल खत्म होने तक बांग्लादेश ने बिना कोई विकेट गंवाए 42 रन बना लिए हैं। नजमुल 25 रन और जाकिर 17 रन बनाकर बल्लेबाजी कर रहे हैं।