भारत और दक्षिण अफ्रीका की अंडर-19 टीमों के बीच जारी तीन यूथ वनडे मैचों की सीरीज के आखिरी मुकाबले में भी कप्तान वैभव सूर्यवंशी का बल्ला जमकर गरजा है। उन्होंने महज 63 गेंदों में शतक जड़कर विपक्षी गेंदबाजों की धज्जियां उड़ा दीं। बेनोनी में खेले जा रहे इस मुकाबले में दक्षिण अफ्रीका ने टॉस जीतकर भारत को पहले बल्लेबाजी का न्योता दिया है।
आरोन जॉर्ज और वैभव सूर्यवंशी की विशाल साझेदारी से भारत की अच्छी शुरुआत
इस मुकाबले में ऑरोन जॉर्ज और वैभव सूर्यवंशी ने टीम को शानदार शुरुआत दिलाई। दोनों के बीच पहले विकेट के लिए 227 रनों की विशाल साझेदारी हुई। कप्तान वैभव सूर्यवंशी ने महज 74 गेंदों में नौ चौके और 10 छक्के की सहायता से 127 रनों की धमाकेदार पारी खेली। वैभव के अलावा आरोन जॉर्ज ने भी तीसरे वनडे में शानदार प्रदर्शन किया। उन्होंने 106 गेंदों का सामना किया और 16 चौके की मदद से 118 रन बनाए। यह पहला मौका नहीं हैं जब 14 वर्षीय सूर्यवंशी का बल्ला गरजा है। इससे पहले उन्होंने दूसरे यूथ वनडे में भी धुआंधार प्रदर्शन किया था। उन्होंने महज 24 गेंदों में 10 छक्के और एक चौके की मदद से 68 रन बनाए थे। इस दौरान उनका स्ट्राइक रेट 283.33 का रहा था।
वैभव ने हासिल की बड़ी उपलब्धि
दक्षिण अफ्रीका की धरती पर अपने पहले शतक के साथ वैभव ने बड़ी उपलब्धि हासिल कर ली। 14 वर्षीय वैभव पांच अलग-अलग देशों में शतक लगाने वाले सबसे कम उम्र के बल्लेबाजों की लिस्ट में शामिल हो गए। इससे पहले उन्होंने भारत, यूएई, ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड में शतकीय पारी खेली थी।
कप्तान बनते ही वैभव ने रचा इतिहास
दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ जारी तीन यूथ वनडे मैचों की सीरीज के लिए बीसीसीआई ने 14 वर्षीय बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को टीम की कमान सौंपी है। इसी के साथ उन्होंने बड़ी उपलब्धि हासिल कर ली। वह यूथ वनडे में किसी टीम की कमान संभालने वाले दुनिया के सबसे कम उम्र के कप्तान बन गए। उन्होंने इस मामले में पाकिस्तान के अहमद शहजाद का रिकॉर्ड तोड़ा। शहजाद ने साल 2007 में 15 साल 141 दिन की उम्र में पाकिस्तान की अंडर-19 टीम की कप्तानी की थी।