सचिन तेंदुलकर के वनडे से संन्यास की खबर से टीम इंडिया के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी काफी निराश हैं। धोनी ने कहा कि सचिन का वनडे से संन्यास लेने का फैसला निराशाजनक है। लेकिन मैं सचिन के इस व्यक्तिगत फैसले का सम्मान करता हूं।
धोनी ने पाकिस्तान के खिलाफ एम चिन्नास्वामी स्टेडियम में होने वाले पहले टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच की पूर्व संध्या पर कहा कि सचिन की भरपाई करना मुश्किल है। भारतीय कप्तान ने कहा कि सचिन के टीम साथियों को इस बात की निराशा होगी कि वह मास्टर ब्लास्टर को 50वां वनडे शतक और 100वां वनडे अर्द्धशतक बनाते हुए नहीं देख पाएंगे।
सचिन ने रविवार को वनडे क्रिकेट से संन्यास की घोषणा की थी। उन्होंने वनडे में 49 शतक और 96 अर्द्धशतक बनाए हैं। धोनी ने कहा कि टीम इंडिया में एक युवा बल्लेबाज के तौर पर उन्हें सचिन से बहुत कुछ सीखने को मिला और इसके लिए वह मास्टर ब्लास्टर के ऋणी हैं।
टीम इंडिया के कप्तान ने कहा कि निश्चित रूप से हम उन्हें मिस करेंगे क्योंकि टीम के लिए प्रेरणास्रोत रहे हैं और उनके खेल को देखकर लाखों लोगों ने क्रिकेट को अपनाया है। भारतीय टीम में एक युवा बल्लेबाज के रूप में हमें उनसे बहुत कुछ सीखने को मिला है।
धोनी ने कहा कि हम खुद को भाग्यशाली मानते हैं कि सचिन अभी टेस्ट खेलते रहेंगे। हमने सचिन से सीखा है कि टीम की हार में भी कैसे संयम रखा जाता है। उन्होंने हमेशा हमें बेहतर खेलने के लिए उत्साहित किया है और वह हमेशा अपने अनुभव से हमें सिखाते रहते हैं।
धोनी ने कहा, 'व्यक्तिगत तौर पर मुझे सचिन से बहुत कुछ सीखने को मिला है। वह हमें बताते थे कि किस गेंदबाज पर प्रहार करना है और किसे सुरक्षित ढंग से खेलना है। साथ ही वह बराबर हमें बताते थे कि अगले ओवरों में हमारा लक्ष्य क्या होना चाहिए। मुझे लगता है कि भारतीय क्रिकेट में उनका योगदान अतुलनीय है।'
भारत और पाकिस्तान पांच साल बाद पहली द्विपक्षीय सीरीज खेल रहे हैं। नवंबर 2008 में मुंबई पर हुए आतंकवादी हमलों के बाद दोनों देशों के रिश्ते ठंडे बस्ते में चले गए थे। दोनों टीमों के बीच दूसरा टी20 अहमदाबाद में 28 दिसंबर को खेला जाएगा।