हरभजन सिंह भारत के उन गिने-चुने क्रिकेटरों में शामिल हैं जिन्होंने टीम इंडिया को 2 विश्व कप जिताने में अहम भूमिका निभाई। दक्षिण अफ्रीका में खेले गए 2007 टी-20 विश्व कप में हरभजन उस भारतीय टीम का हिस्सा थे जिसने फाइनल जीता। इस विश्व कप में हरभजन भारत की तरफ से सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले तीसरे गेंदबाज थे। इसके अलावा साल 2011 क्रिकेट वर्ल्ड कप जीतने वाली भारतीय टीम का भी हरभजन सिंह हिस्सा रहे। यह विश्व कप भारत ने 1983 के बाद जीता था।
हरभजन सिंह भारत के पहले गेंदबाज हैं जिन्होंने टेस्ट क्रिकेट में हैट्रिक लगाने का कीर्तिमान स्थापित किया। उन्होंने साल 2000 में यह हैट्रिक कोलकाता में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेलते हुए लगाई थी। अपनी हैट्रिक के दौरान हरभजन ने रिकी पॉन्टिंग, एडम गिलक्रिस्ट और शेन वॉर्न को आउट किया था शिकार। उनकी इस हैट्रिक के चलते भारत ने ऑस्ट्रेलिया के लगातार 16 टेस्ट मैच जीतने के रिकॉर्ड पर लगाम लगाई थी।
हरभजन सिंह के टेस्ट क्रिकेट पर नजर डाली जाए तो उन्होंने भारत के लिए 103 मैच खेले हैं 417 विकेट लिए हैं। इस दौरान 84 रन पर 8 विकेट उनका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन रहा। हरभजन ने 236 एकदिवसीय मैचों में भारत का प्रतिनिधित्व किया जिनमें वह 269 विकेट लेने में सफल रहे। वनडे में 31 रन पर 5 विकेट उनका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है। इसके अलावा हरभजन ने भारत के लिए 28 टी-20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेले जिनमें 25 विकेट झटके।
हरभजन के ओवर ऑल क्रिेकेट करियर पर नजर डाली जाए तो उन्होंने 367 अंतरराष्ट्रीय मैचों में भारत का प्रतिनिधित्व किया है जिनमें 711 विकेट लिए हैं। इतना ही नहीं इंटरनेशनल क्रिकेट में हरभजन ने अपने बल्ले का जौहर दिखाते हुए 3569 रन भी बनाए हैं। मौजूदा समय में टीम इंडिया से दूर हरभजन आईपीएल में सक्रिय हैं। मुंबई इंडियंस की कप्तानी करने के अलावा हरभजन चेन्नई सुपर किंग्स के लिए भी खेले हैं। साल 2021 सत्र में हरभजन सिंह आईपीएल टीम कोलकाता नाइट राइडर्स का हिस्सा हैं।