फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Robin Uthappa: 'आईपीएल 2014 जीतने के बाद केकेआर छोड़ना चाहता था', उथप्पा ने किया खुलासा; जानें क्या था कारण

Wed, 13 Aug 2025 07:51 PM IST
शोभित चतुर्वेदी स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

उथप्पा को 2014 की नीलामी में केकेआर ने पांच करोड़ रुपये में खरीदा था, जब उनकी पिछली टीम पुणे वॉरियर्स इंडिया को आईपीएल काउंसिल ने हटा दिया था।
विज्ञापन
रॉबिन उथप्पा - फोटो : PTI
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

कोलकाता नाइट राइडर्स (केकेआर) के पूर्व सलामी बल्लेबाज रॉबिन उथप्पा ने खुलासा करते हुए बताया है कि 2014 में आईपीएल का खिताब जीतने में मदद करने के तुरंत बाद वह फ्रेंचाइडी छोड़ने के लिए तैयार थे। उथप्पा उस सीजन में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले खिलाड़ी थे, जिसके लिए उन्हें ऑरेंज कैप मिली थी। लेकिन वह कीमत का पूरा फायदा उठाने के लिए नीलामी में शामिल होना चाहते थे।
विज्ञापन

केकेआर ने पांच करोड़ रुपये में खरीदा था 
उथप्पा को 2014 की नीलामी में केकेआर ने पांच करोड़ रुपये में खरीदा था, जब उनकी पिछली टीम पुणे वॉरियर्स इंडिया को आईपीएल काउंसिल ने हटा दिया था। यह कदम केकेआर के लिए एक मास्टरस्ट्रोक साबित हुआ क्योंकि उथप्पा ने टूर्नामेंट में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए 44.00 की औसत से 660 रन बनाए। कप्तान गौतम गंभीर के साथ पारी की शुरुआत करते हुए, वह केकेआर की खिताबी जीत में अहम भूमिका निभाने वाले खिलाड़ी बने थे।

ज्यादा कमाई करना चाहते थे उथप्पा 
उथप्पा ने यू-ट्यूब पर एक कार्यक्रम के दौरान कहा, पुणे वॉरियर्स इंडिया के बाद मैं पांच करोड़ रुपये में केकेआर में गया। मैंने शानदार प्रदर्शन किया और जब हमने आईपीएल 2014 का खिताब जीता और मुझे ऑरेंज कैप मिली, तो मैं रिलीज होना चाहता था। मैं नीलामी में वापस जाना चाहता था। मैं ज्यादा से ज्यादा कमाई करने के मौके का पूरा फायदा उठाना चाहता था। सच कहूं तो, आप कब तक खेलेंगे? 35, 36 साल की उम्र तक और तब तक मैं 29 साल का हो चुका था। इसलिए, मैं अपनी कमाई को ज्यादा से ज्यादा बढ़ाना चाहता था।
विज्ञापन

उथप्पा 2019 तक केकेआर के लिए खेले, जिसके बाद वह शुरुआती चैंपियन राजस्थान रॉयल्स में तीन करोड़ रुपये में शामिल हो गए। उन्होंने दो सीजन चेन्नई सुपर किंग्स के लिए खेले और 2021 सीजन के अभियान के अंत में महत्वपूर्ण योगदान दिया। हालांकि, केकेआर के साथ 2014 सीजन के बाद उनका प्रदर्शन कभी भी चरम पर नहीं रहा। उन्होंने कहा, मैं केकेआर के नेतृत्व समूह के पास गया और उनसे बात की। उन्होंने मना कर दिया और कहा कि हम आपको जाने नहीं दे सकते। हम चाहते हैं कि आप हमारे लिए खेलें। हम चाहते हैं कि आप लंबे समय तक हमारे लिए खेलें। फिर मैंने उनसे बात की और पाया कि उस समय अनुबंध के आधार पर मैं पांच करोड़ रुपये से ज्यादा नहीं कमा सकता था। इसलिए मैंने इसे जाने दिया। मैं बस कोशिश करना चाहता था और बातचीत करने लायक था। 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें