मुंबई में रोमांचक फाइनल में वेस्ट जोन को 24 रन से हराकर ईस्ट जोन ने देवधर ट्रॉफी टूर्नामेंट जीत ली। मौजूदा चैंपियन वेस्ट जोन को ट्रॉफी का प्रबल दावेदार माना जा रहा था, लेकिन 270 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए वेस्ट की टीम 16 गेंद शेष रहते 245 रन बनाकर सिमट गई। ईस्ट ने आखिरी बार 2003-04 में ट्रॉफी पर कब्जा जमाया था।
टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी ईस्ट जोन की शुरुआत खराब रही और 5 रन तक उसके दोनों ओपनर पवेलियन लौट गए। श्रीवत्स गोस्वामी खाता भी नहीं खोल सके जबकि इशांक जग्गी मात्र दो रन बनाकर आउट हो गए।
इसके बाद मध्यक्रम में कप्तान मनोज तिवारी और विराट सिंह ने तीसरे विकेट के लिए 135 रन की साझेदारी कर टीम को इन झटकों से उबारा। तिवारी ने सर्वाधिक 75 जबकि विराट ने 54 रन बनाए। आखिरी ओवरों में विपल्लव सामंत्रे ने 50 गेंद पर 60 रन बनाकर टीम को सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचाया।
जवाब में वेस्ट जोन की भी शुरुआत खराब रही और 37 रन तक उसके 3 बल्लेबाज आउट हो गए। ऐसे में केदार जाधव ने मोर्चा संभाला। जाधव हालांकि शतक से मात्र 3 रन से चूक गए लेकिन उन्होंने अंकित बवने के साथ चौथे विकेट के लिए 74 और फिर सूर्य कुमार यादव (55 गेंद पर 35 रन) के साथ पांचवें विकेट के लिए 84 रन की साझेदारी कर टीम को जीत के करीब तक पहुंचाया।
कप्तान यूसुफ पठान एक बार फिर विफल रहे और मात्र 3 रन बनाकर रनआउट हो गए। अक्षर पटेल ने 11 गेंद पर 20 रन की ताबड़तोड़ पारी खेल टीम को जिताने की भरपूर कोशिश की, लेकिन उनके आउट होते ही टीम ने भी हिम्मत हार गई। अशोक डिंडा ने 4 विकेट लेकर जीत में अहम भूमिका निभाई।