चीनी स्मार्टफोन निर्माता कंपनी वीवो के आईपीएल स्पॉन्सरशिप से हटने के बाद नए स्पॉन्सर की तलाश पूरी हो गई है। यूएई में इस साल आईपीएल के 13वें सीजन के आयोजन के लिए ड्रीम 11 को 222 करोड़ में स्पॉन्सरशिप दी गई है।
फैंटसी स्पोर्ट्स लीग प्लैटफॉर्म ड्रीम 11 ने इस बार के आईपीएल की स्पॉन्सरशिप हासिल करने के लिए Unacademy की 171 करोड़ और Byju's में 201 करोड़ रुपये की बोली को पीछे छोड़ा। आईपीएल के साथ ड्रीम 11 का यह सौदा हासिल फिलहाल 18 अगस्त से 31 दिसंबर, 2020 तक चलेगा। रिपोर्ट्स के मुताबिक ड्रीम 11 ने मंगलवार को ऑनलाइन शिक्षा प्लेटफॉर्म Byju's, Unacademy से अधिक बोली लगाई। वहीं टाटा ग्रुप, जिसने एक्सप्रेशन ऑफ इंटरेस्ट (ईओआई) जमा किया था, मंगलवार को बोली नहीं लगाई।
कंपनी के ब्रांड एम्बेसडर रहे हैं धोनी:
ड्रीम 11 की मूल कंपनी ड्रीम स्पोर्ट्स को 2008 में स्थापित किया गया था। उनकी वेबसाइट के अनुसार, ड्रीम स्पोर्ट्स के 8 करोड़ से अधिक उपयोगकर्ता हैं। ड्रीम 11 पहले से ही बीसीसीआई से भी जुड़ा हुआ है। बता दें कि टीम इंडिया के पूर्व कप्तान और चेन्नई सुपर किंग्स के मौजूदा कप्तान महेंद्र सिंह धोनी को इस कंपनी ने 2018 में अपना ब्रांड एम्बेसडर भी बनाया था।
बता दें कि कोरोना के खतरे को देखते हुए इस बार के आईपीएल का आयोजन यूएई में किया जाएगा। कई सारे दिशानिर्देशों और नियमों के साथ टी-20 लीग के सभी मैच 19 सितंबर, 2020 से 10 नवंबर, 2020 तक खेले जाएंगे।
वीवो से क्यों छीनी गई स्पॉन्सरशिप:
आईपीएल 2020 से 45 दिन पहले भारत और चीन के बीच सीमा पर तनाव बढ़ गया। यहां वास्तविक नियंत्रण रेखा पर गलवां घाटी में चीनी सैनिकों ने निहत्थे भारतीय सैनिकों पर कंटीली तारों और खतरनाक औजारों से हमला कर दिया। इसमें भारत के एक कर्नल समेत 20 जवान शहीद हो गए। चीन की इस नापाक हरकत के बाद पूरे देश में गुस्सा फुट पड़ा और लोगों ने चीन के सामान का बहिष्कार शुरू कर दिया। लोगों की नाराजगी को देखते हुए बीसीसीआई ने भी आखिरी समय में वीवो से इस साल के आईपीएल के लिए करार खत्म कर दिया।