मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार बेंगलूरू में राष्ट्रीय क्रिकेट अकादमी (एनसीए) में ट्रेनिंग कर रहे दीपक चाहर दूसरी बार चोटिल हो गए। इसी साल फरवरी के महीने में वेस्टइंडीज के खिलाफ सीरीज के दौरान उनकी मांसपेशियों में खिंचाव आया था। इस चोट से उबरने के लिए चाहर एनसीए में ट्रेनिंग कर रहे थे और अप्रैल के अंत तक उनके फिट होने की उम्मीद थी। लेकिन पुनर्वास प्रक्रिया के दौरान वह दोबारा चोटिल हो गए। इसकी वजह से अब वो आईपीएल से बाहर हो चुके हैं और आगामी टी-20 विश्व कप से भी बाहर हो सकते हैं।
दीपक चाहर पावरप्ले में विकेट चटकाने में माहिर हैं और उनकी बल्लेबाजी को ध्यान में रखते हुए चेन्नई की टीम ने 14 करोड़ की कीमत पर उन्हें अपने साथ जोड़ा था, लेकिन वो इस सीजन अपनी टीम के लिए कोई मैच नहीं खेल पाए। इसका असर टीम के प्रदर्शन पर भी पड़ा। शुरुआती चार मैच हारने के बाद चेन्नई की टीम को पांचवें मैच में जीत नसीब हुई। इस मैच में चेन्नई के बल्लबाजों ने सीजन का सबसे बड़ा स्कोर बनाया, और बाद में गेंदबाजों की मदद से 23 रन से जीत हासिल की।
चाहर के आईपीएल से बाहर होने के बाद चेन्नई का प्लेऑफ में पहुंचना मुश्किल नजर आ रहा है, क्योंकि टीम की गेंदबाजी बहुत ही कमजोर है और सिर्फ बल्लेबाजों के दम पर प्लेऑफ में जगह बनाना मुश्किल होगा। चेन्नई के लिए पावरप्ले में चाहर का रिकॉर्ड शानदार है। उन्होंने 58 पारियों में पावरप्ले के अंदर 42 विकेट लिए हैं और 7.61 की इकोनॉमी रेट से रन खर्चे हैं। वहीं उनकी जगह टीम में शामिल किए गए मुकेश चौधरी कुछ खास नहीं कर पाए हैं।