प्रोटोकॉल के मुताबिक, मैचों के सभी प्रतिभागियों को संबंधित शहर में आने के बाद तय होटलों में छह दिन के लिए अलग रखा जाएगा और उन्हें आगमन के पहले, तीसरे और छठे दिन आरटी-पीसीआर पद्धति से कोविड-19 की जांच करानी होगी। जांच में संक्रमण से मुक्त पाए जाने पर ही उन्हें जैव सुरक्षित वातावरण में प्रवेश दिया जाएगा।
बाहर जाने से पहले टीम के डॉक्टर की अनुमति लेनी होगी
प्रोटोकॉल में कहा गया है कि खिलाड़ी और टीम का सहायक स्टाफ 'अपरिहार्य हालात में ही' जैव सुरक्षित वातावरण से बाहर जा सकेंगे। उन्हें इस वातावरण से बाहर जाने से पहले अपनी टीम के डॉक्टर की अनुमति लेनी होगी। प्रोटोकॉल में यह भी कहा गया है कि कोविड-19 से बचाव के दिशा-निर्देशों के उल्लंघन पर खिलाड़ियों और टीम के सहायक स्टाफ के खिलाफ बीसीसीआई अनुशासनात्मक कदम उठाएगा।