भारतीय पारी के 40वें ओवर में डेरिल मिचेल की गेंद पर अंपायर ने हार्दिक को आउट करार दिया, जबकि फैंस का मानना है कि हार्दिक आउट नहीं थे। हार्दिक ने मिचेल की गेंद पर कट शॉट खेलने की कोशिश की और पूरी तरह से चूक गए। गेंद सीधे विकेटकीपर टॉम लाथम के दस्तानों में चली गई। गेंद पकड़ने के प्रयास में उनके दस्ताने स्टंप से टकरा गए और बेल्स नीचे गिर गईं।
मैदानी अंपायर ने तीसरे अंपायर की मदद ली तो तीसरे अंपायर ने हार्दिक को क्लीन बोल्ड करार दिया। इसके बाद अंपायर के फैसले पर जमकर विवाद हुआ। क्योंकि रीप्ले में साफ देखा जा सकता था कि गिल्लियां विकेटकीपर के दस्तानों से गिरी हैं। गेंद का स्टंप या गिल्लियों के साथ कोई संपर्क नहीं हुआ, जबकि हार्दिक को क्लीन बोल्ड आउट दिया गया।
हार्दिक इस मैच में 38 गेंद में 28 रन बनाकर आउट हुए। उनके विकेट के साथ ही भारत का स्कोर 251/5 हो गया और टीम इंडिया फिर 98 रन ही बना पाई। इनमें से अधिकतर रन शुभमन गिल के बल्ले से आए, जबकि दूसरे छोर पर किसी बल्लेबाज ने उनका साथ नहीं दिया। अगर हार्दिक उस समय आउट नहीं होते तो भारत और भी बड़ा स्कोर खड़ा कर सकता था।
इस मैच में भारत ने शुभमन गिल के दोहरे शतक की मदद से आठ विकेट पर 349 रन बनाए और कीवी टीम को 337 रन पर रोक दिया। इसके साथ ही भारत ने तीन मैच की सीरीज में 1-0 की बढ़त बना ली है।