लोढ़ा समिति की सिफारिशों का अनुपालन करने वाली बीसीसीआई की राज्य इकाइयों को 23 अक्तूबर को होने वाली वार्षिक आम बैठक (एजीएम) के बाद सालाना अनुदान मिलना शुरू हो जाएगा। इसी दिन से सौरव गांगुली की अगुआई वाली समिति बीसीसीआई का संचालन शुरू कर देगी।
बीसीसीआई के पूर्ण सदस्यों को 35 करोड़ रुपये का सालाना अनुदान मिलता है जो लोढ़ा समिति की सिफारिशों के मुताबिक कानून संशोधित नहीं करने के कारण पिछले तीन वर्षों से नहीं मिला है। ऐसे में अनुपालन करने वाले राज्य इकाइयों को 100 करोड़ रुपये से ज्यादा मिलने की संभावना है।
इस मामले से जुड़े बीसीसीआई के एक अधिकारी ने कहा, ‘एजीएम में कई वित्तीय वर्षों के लिए वार्षिक लेखा-जोखा पारित होगा और एक बार जब ऐसा हो जाएगा तब अनुपालन करने वाले राज्यों को अनुदान मिलने का रास्ता साफ हो जाएगा।
सर्वोच्च न्यायालय के आदेश के मुताबिक हालांकि सिर्फ उन्हीं राज्यों को अनुदान मिलेगा जिन्होंने इसका अनुपालन किया है।’ यह अनुदान कई चरणों में जारी किया जा सकता है और अभी यह भी देखा जाना है कि मणिपुर, मेघालय, नगालैंड, मिजोरम, अरुणाचल प्रदेश, उत्तराखंड, बिहार, चंडीगढ़ और पुडुचेरी जैसे नौ नए पूर्ण सदस्य बनने के बाद क्या दूसरे राज्यों के अनुदान में कटौती की जाएगी।