इस जीत में खासतौर पर
मयंक अग्रवाल की बेहतरीन बल्लेबाजी का योगदान रहा। मयंक जब भी बल्लेबाजी के लिए उतरे तो हमें पूरा भरोसा था कि वह जरूर रन बनाएंगे और उन्होंने इस भरोसे को सही साबित किया। कर्नाटक की टीम के लिए यह बदलाव का और नौजवानों को मौका देने का वक्त है। हमारे लिए अच्छी बात है कि हमारे नौजवान खिलाड़ी अब तक कसौटी पर खरे उतरे हैं।’
टूर्नामेंट में सबसे ज्यादा 723 रन बनाने वाले कर्नाटक के सलामी बल्लेबाज मयंक अग्रवाल ने कहा, ‘ मैं टीम प्रबंधन और सभी साथियों का आभारी हूं कि जब मैं मुश्किल दौर से गुजर रहा था तो सभी ने मुझ पर भरोसा किया। जहां तक फाइनल में पिच की बात है, तो यह बल्लेबाजी के लिए काफी अच्छी थी। हालांकि खेल आगे बढ़ने के साथ यह धीमी होती गई।