भारत के अनुभवी तेज गेंदबाज इशांत शर्मा ने यू-टर्न लेते हुए रणजी ट्रॉफी में खेलने का फैसला किया है। 33 वर्षीय तेज गेंदबाज ने पहले भारत की घरेलू क्रिकेट लीग में खेलने से मना किया था लेकिन अब वह दिल्ली की टीम से जुड़ने के लिए तैयार हैं।
भारत के अनुभवी तेज गेंदबाज इशांत शर्मा ने यू-टर्न लेते हुए रणजी ट्रॉफी में खेलने का फैसला किया है। 33 वर्षीय तेज गेंदबाज ने पहले भारत की घरेलू क्रिकेट लीग में खेलने से मना किया था लेकिन अब वह दिल्ली की टीम से जुड़ने के लिए तैयार हैं। इशांत झारखंड के खिलाफ 24 फरवरी को होने वाले दिल्ली के दूसरे मैच में उपलब्ध रहेंगे। वह पांच दिन के क्वारंटीन से गुजरेंगे इसलिए तमिलनाडु के खिलाफ होने वाले पहले मैच में नहीं खेल पाएंगे।
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समाचार एजेंसी पीटीआई ने टीम के एक सूत्र के हवाले से कहा, "इशांत आज पहुंच रहे हैं। वह दूसरे गेम से उपलब्ध होंगे। टीम के लिए बेहतर होता अगर दोनों तेज गेंदबाज पहले गेम से उपलब्ध होते लेकिन उनकी वापसी का स्वागत है और इससे टीम को मजबूती मिलेगी।"
इशांत इन दिनों राष्ट्रीय टीम से बाहर चल रहे हैं लेकिन श्रीलंका के खिलाफ होने वाली आगामी टेस्ट सीरीज में उन्हें मौका मिल सकता है।
दिल्ली एवं जिला क्रिकेट संघ (डीडीसीए) के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि आईपीएल नीलामी में नहीं बिकने के बाद इशांत ने रणजी ट्रॉफी में खेलने के बारे में अपना विचार बदल दिया। अधिकारी ने कहा, "अगर वह रणजी ट्रॉफी भी नहीं खेलता है, तो किसी भी टीम के लिए उसके बारे में सोचने का कोई कारण नहीं होगा। यहां तक कि राष्ट्रीय चयनकर्ताओं के लिए भी उस पर पुनर्विचार करने के लिए, उसे खेलने की जरूरत है। अगर उसे आईपीएल में मौका मिलता, तो वह छोड़ सकता था। आज दोपहर साढ़े तीन बजे उनकी फ्लाइट है।"
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भारत के एक अन्य तेज गेंदबाज नवदीप सैनी के भी झारखंड मैच के लिए गुवाहाटी पहुंचने की उम्मीद है। सैनी अहमदाबाद में भारत की एकदिवसीय टीम के साथ थे और गुवाहाटी आने के बाद उन्हें क्वारंटीन करने की आवश्यकता नहीं होगी।
यश ढुल करेंगे पारी की शुरुआत
अंडर-19 वर्ल्ड कप विजेता भारतीय टीम के कप्तान और युवा बल्लेबाज यश ढुल दिल्ली के लिए पारी की शुरुआत कर सकते हैं। जबकि दूसरे छोर पर ध्रुव शोरे उनका साथ दे सकते हैं। सूत्र ने कहा, "वह ओपनिंग के लिए तैयार है। वह फॉर्म में है और यह सबसे अच्छा है कि जब वह अच्छा कर रहा हो तो उसे मौका दिया जाए। उसे चुनने और नहीं खेलने देने का कोई मतलब नहीं है।"