चैंपियंस ट्रॉफी में शनिवार को ग्रुप बी का आखिरी लीग मैच चिर प्रतिद्वंद्वी भारत और पाकिस्तान के बीच महामुकाबला खेला जाएगा।
हालांकि टूर्नामेंट के लिहाज यह मैच सिर्फ औपचारिकता है क्योंकि भारत पहले ही सेमीफाइनल में जगह बना चुका है जबकि पाकिस्तान की चुनौती पहले ही खत्म हो चुकी है।
इसके बावजूद दोनों देशों के क्रिकेट प्रेमियों के लिए यह टूर्नामेंट का सबसे दिलचस्प मुकाबला होगा क्योंकि इस दौरान भावनाओं का तूफान चरम पर होता है।
भारत की निगाहें इस मुकाबले को जीतकर बढ़े हुए मनोबल के साथ सेमीफाइनल की तैयारी करने पर होगी जबकि पाकिस्तान आत्मसम्मान बचाने के लिए मैदान में उतरेगा।
चैंपियंस ट्रॉफी में भारी है पाक
हालांकि यदि आईसीसी टूर्नामेंटों के रिकॉर्ड पर गौर करें तो भारत का पलड़ा हमेशा पाकिस्तान पर भारी रहा। लेकिन चैंपियंस ट्रॉफी में पाकिस्तान हमेशा भारत पर इक्कीस साबित हुआ है।
दोनों टीमों के बीच दो मुकाबले हुए हैं और दोनों बार जीत पाकिस्तान के खाते में गई है।
दबाव में होगी पाक टीम
टूर्नामेंट में लगातार दो मुकाबलों में मिली करारी शिकस्त से पाक टीम काफी दबाव में भी होगी। कप्तान मिस्बाह उल हक अच्छी तरह से जानते हैं कि यह मैच हारने की स्थिति में एक बार फिर से आलोचकों के निशाने पर आ जाएंगे।
टूर्नामेंट में प्रदर्शन के हिसाब से देखा जाए तो भारत को जीत का हकदार माना जा सकता है। भारतीय टीम खेल के हर विभाग में अच्छा प्रदर्शन कर रही है जबकि पाकिस्तान की बल्लेबाजी पिछले दोनों मैचों में सुपर फ्लाप रही थी।