सौरव गांगुली की अगुआई वाला भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) घरेलू मैचों के मेजबानी शुल्क को बढ़ा सकता है। 88वीं वार्षिक आम बैठक (एजीएम) में राज्य संघों द्वारा बोर्ड से इसमें संशोधन की मांग के बाद इसपर जल्दी ही फैसला लिया जा सकता है।
इसके अलावा बीसीसीआई अपने उस फैसले पर पुनर्विचार कर सकता है जिसमें 60 साल की उम्र पूरी कर चुके 17 स्कोरर को सेवानिवृत करने का फैसला किया गया है।
एजीएम में मौजूद एक सदस्य ने कहा, ‘बोर्ड ने गैर अंतरराष्ट्रीय मैचों में मैच के दिनों के लिए मेजबानी शुल्क के रूप में टोकन राशि एक लाख रुपये प्रतिदिन निर्धारित की है। हमने इसमें संशोधन करने के लिए कहा और जिन दिनों मैच न हो उनके लिए भी शुल्क का प्रस्ताव रखा है ताकि टीम के अभ्यास सत्र से जुड़ी तमाम व्यवस्थाओं और यात्रा से जुड़ी लागत की भरपाई हो सके।’
बता दें कि वर्तमान घरेलू सत्र के शुरू होने पर 17 स्कोररों को बिना किसी पूर्व जानकारी के रिटायर कर दिया गया। इसी वजह से बैठक में अधिकारियों ने इस मामले में बोर्ड से कम से कम इस सत्र के लिए इस फैसले पर पुनर्विचार और समय देने को कहा है।