यह अपने आप में सुनने में बेहद दिलचस्प लग सकता है कि जिस खिलाड़ी को उसके करियर के दौरान ऑस्ट्रेलिया ने खूब परेशान किया अब टीम उसी की सेवाएं ले रही है।
क्रिकेट वर्ल्ड के सबसे सफल गेंदबाज मुथैया मुरलीधरन जब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर क्रिकेट खेल रहे थे तो ऑस्ट्रेलिया के स्थानीय दर्शक, मीडिया और यहां तक की अंपायरों ने इस फिरकी गेंदबाज पर खूब आरोप लगाए जिससे उनका खेल भी बाधित हुआ।
तत्कालीन ऑस्ट्रेलियाई प्रधानमंत्री जॉन हावर्ड ने मुरली को 'चकर' कहा। यहां तक की 2008 में श्रीलंका के ऑस्ट्रेलिया दौरे के दौरान स्थानीय लोगों ने मुरली समेत कई मेहमान खिलाड़ियों पर अंडे तक फेंके जाने की योजना बनाई। श्रीलंकाई चयनकर्ता को एक अंडा लगा भी था। इसी दौरे के दौरान मुरली को कार सवार लोगों ने गाली भी दी।
अब इसी मुरली से ऑस्ट्रेलिया की नफरत खत्म हो गई और इसी गेंदबाज से अपनी टीम के फिरकी गेंदबाजों को स्पिन के गुर सीखाने के लिए सलाहकार के तौर पर रखा है। वह ऐसा दूसरी बार कर रहे हैं।