एशिया कप के साथ गत विजेता भारतीय टीम
कोरोना वायरस महामारी के कारण इस साल सितंबर में होने वाला एशिया कप जून 2021 तक के लिए टाल दिया गया है। एशियन क्रिकेट काउंसिल की गुरुवार को हुई बैठक में इसकी घोषणा की गई। एग्जिक्यूटिव बोर्ड की बैठक में कोरोना वायरस के प्रभाव और एशिया कप पर होने वाले इसके असर पर गंभीरता से विमर्श किया गया, लेकिन यात्रा संबंधी नियम, क्वारंटीन नियम, मूलभूत स्वास्थ्य परेशानी, सामाजिक दूरी जैसे अन्य कारक क्रिकेट पर भारी पड़ गए।
अब पाकिस्तान की जगह श्रीलंका मेजबानी करेगा
एसीसी ने अपने आधिकारिक बयान में कहा कि इस साल टूर्नामेंट की अगवानी पाकिस्तान को करनी थी, लेकिन उसने श्रीलंका से मेजबानी अधिकार की अदला-बदली की थी इसलिए अब जून 2021 में होने वाला अगला एशिया कप श्रीलंका में होगा जबकि पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड 2022 में टूर्नामेंट कराएगा। यानी हर दो साल में होने वाला यह टूर्नामेंट लगातार दो साल खेला जाएगा।
सौरव गांगुली ने पहले ही बता दिया था
बीसीसीआई अध्यक्ष सौरव गांगुली ने अपने जन्मदिन के मौके पर एक यूट्यूब चैनल से बातचीत में बुधवार को ही एशिया कप के रद्द होने की जानकारी दे दी थी, जिसके बाद आज सुबह यानी गुरुवार को पाकिस्तानी क्रिकेट बोर्ड ने बीसीसीआई मुखिया के बयान को गैरआधिकारिक बताया था। पीसीबी के मीडिया डायरेक्टर समिउल हसन बर्नी ने कहा था कि गांगुली के इस दावे की कोई मान्यता नहीं है। पूरे मसले पर अंतिम निर्णय एशियन क्रिकेट काउंसिल (एसीसी) ही ले सकती है।
भारत-पाकिस्तान के बीच चला आ रहा था विवाद
यहां बताना जरूरी हो जाता है कि एशियन क्रिकेट काउंसिल के अध्यक्ष बांग्लादेश के नजमुल हसन हैं। वैसे यह कोई पहला मौका नहीं है जब एशिया पर भारत-पाकिस्तान आमने-सामने हो चुके हैं। टूर्नामेंट का यह 15वां संस्करण पहले पाकिस्तान में होना था, लेकिन भारत के इनकार के बाद इसे यूएई में करवाए जाने की बात सामने आ रही थी। बीसीसीआई ने कहा था कि अगर टूर्नामेंट का आयोजन तटस्थ स्थान पर होता है तो उसे पाकिस्तान द्वारा एशिया कप की मेजबानी से कोई समस्या नहीं है।