उन्होंने कहा, सीखने के बाद जब मैं लीग क्रिकेट खेला इंडिया सीमेंट्स के लिए, एक वी बी चंद्रशेखर करके थे पूर्व भारतीय क्रिकेटर जिनका देहांत हो गया। उन्होंने जिस हिसाब से मुझे हैंडल किया वो उस वक्त मेरे लिए बढ़िया था। फिर मैं मोहम्मद अजहरुद्दीन के लिए खेला, लेकिन भारत के लिए नहीं, तो उन्होंने मुझे अहसास कराया कि तुम कप्तान हो तुम्हें पता होना चाहिए, तुम गेंदबाज हो और तुम फैसला लो कि तुम क्या करना चाहते हो। कभी भी दखलअंदाजी नहीं की।
कार्तिक बोले- गांगुली ने दी थी जिम्मेदारी
कार्तिक ने कहा, फिर सौरव गांगुली की कप्तानी में खेला जिन्होंने अहसास कराया कि तुम अगर खेल रहे हो तो तुम्हें चीजें तय करनी है। राहुल द्रविड़ के साथ भी खेला। रेलवे के लिए मेरे कप्तान थे अभय शर्मा जो बाद में कोच भी बने, उन्होंने मुझे अहसास कराया कि तुम मैच विनर हो इस टीम के तो तुम ऐसे खेलोगे। बहुत सारे लोगों के नेतृत्व में खेला हूं, इसलिए किसी एक के लिए बोलना और जिस स्टैज पर मैं इन लोगों के साथ खेला वो बहुत अलग था। एक के लिए नहीं बोल सकता मैं। मैं जब अलग-अलग फेज में था, उस समय आपका कप्तान कौन है, वो ज्यादा महत्वपूर्ण है।