फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Ajinkya Rahane: संन्यास के बाद रहाणे की नई शुरुआत, यूरोपीय T20 लीग में बने मार्की प्लेयर; भविष्य पर क्या बोले?

Fri, 07 Aug 2026 04:19 PM IST
मयंक त्रिपाठी स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास के बाद अजिंक्य रहाणे ने नई पारी शुरू करते हुए एम्सटर्डम फ्लेम्स के साथ करार किया है। वह उद्घाटन यूरोपीय टी20 लीग में बने मार्की प्लेयर में टीम के मार्की खिलाड़ी होंगे और भविष्य में कोच व मेंटर की भूमिका निभाने की इच्छा भी जताई है।
विज्ञापन
अजिंक्य रहाणे - फोटो : ANI
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

भारतीय टीम के पूर्व बल्लेबाज अजिंक्य रहाणे ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास के कुछ ही दिनों बाद अपने भविष्य को लेकर तस्वीर साफ कर दी है। 14 साल के अंतरराष्ट्रीय करियर को अलविदा कहने वाले रहाणे ने कहा कि उन्हें अपने फैसले को लेकर कोई पछतावा नहीं है। उनका कहना है कि उन्होंने खिलाड़ी के तौर पर अपना 200 प्रतिशत दिया और अब वह दुनिया भर की टी20 लीग में खेलते हुए अपना अनुभव साझा करना चाहते हैं। साथ ही, भविष्य में कोच और मेंटर की भूमिका निभाने को लेकर भी वह उत्साहित हैं।
विज्ञापन

यूरोपीय टी20 लीग में नई पारी
रहाणे को यूरोप की पहली आईसीसी-सैंक्शन प्राप्त टी20 लीग यूरोपीय टी20 प्रीमियर लीग (ईटीपीएल) के उद्घाटन सत्र के लिए एम्सटर्डम फ्लेम्स का मार्की प्लेयर बनाया गया है। लीग का पहला सत्र 26 अगस्त से 20 सितंबर तक खेला जाएगा, जिसमें छह शहर आधारित फ्रेंचाइजी 33 मुकाबलों में हिस्सा लेंगी।

रहाणे ने 30 जुलाई को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट और सभी प्रारूपों से संन्यास की घोषणा की थी। अब वह नई भूमिका में यूरोपीय क्रिकेट के विकास का हिस्सा बनेंगे। उन्होंने कहा कि यूरोप क्रिकेट के लिए एक रोमांचक नए दौर में प्रवेश कर रहा है और वह इस क्षेत्र में खेल के विकास में योगदान देना चाहते हैं। एम्सटर्डम फ्लेम्स के सह-संस्थापक और मुख्य क्रिकेट अधिकारी तथा ऑस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान स्टीव वॉ ने रहाणे का स्वागत करते हुए उनके कौशल, धैर्य, विनम्रता और नेतृत्व क्षमता की तारीफ की। उन्होंने कहा कि रहाणे का अनुभव और व्यक्तित्व टीम के लिए बेहद महत्वपूर्ण होगा।

'मुझे कोई पछतावा नहीं'
अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास के फैसले पर रहाणे ने कहा कि उन्होंने करीब एक महीने तक इस फैसले पर विचार किया था। उन्होंने खुद से बार-बार सवाल किया कि क्या उन्हें किसी चीज का पछतावा है या कुछ अलग करना चाहते थे, लेकिन उन्हें इसका जवाब हमेशा नहीं मिला।

रहाणे ने कहा, 'मैं अपने फैसले से बहुत खुश हूं। मैंने अपने नियंत्रण में जो कुछ था, उससे भी ज्यादा किया और हर बार अपना 200 प्रतिशत दिया।' उन्होंने कहा कि करियर के अंत में यह महसूस होना कि उन्होंने अपना सब कुछ दे दिया, उनके लिए सबसे अच्छी भावना है।

कोच और मेंटर बनने में भी दिलचस्पी
रहाणे ने भविष्य में कोचिंग और मेंटरशिप की संभावना से भी इनकार नहीं किया। उन्होंने कहा कि खिलाड़ी के तौर पर अलग-अलग परिस्थितियों से गुजरने के कारण वह खिलाड़ियों की मानसिकता को अच्छी तरह समझते हैं।

उन्होंने कहा कि फिलहाल उनकी प्राथमिकता क्रिकेट खेलना और दुनिया भर की लीग में अपना अनुभव साझा करना है, लेकिन उन्हें लगता है कि वह आगे चलकर एक अच्छे कोच और मेंटर साबित हो सकते हैं। उनके मुताबिक खिलाड़ियों का प्रबंधन, कोचिंग और मेंटरशिप उनके अनुभव का स्वाभाविक विस्तार होगा।
विज्ञापन

195 अंतरराष्ट्रीय मैचों का अनुभव
रहाणे ने भारत के लिए 85 टेस्ट, 90 वनडे और 20 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेले। कुल 195 अंतरराष्ट्रीय मैचों में उनके नाम 8414 रन हैं, जिसमें 15 शतक और 51 अर्धशतक शामिल हैं। टेस्ट क्रिकेट में उन्होंने 5077 रन बनाए। बतौर कप्तान उनका रिकॉर्ड भी प्रभावशाली रहा। उनकी कप्तानी में भारत ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 2020-21 बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी में ऐतिहासिक जीत हासिल की। विराट कोहली के सीरीज से हटने के बाद रहाणे ने टीम की कमान संभाली और मेलबर्न में जीत के साथ भारत ने वापसी की। इसके बाद गाबा में मिली ऐतिहासिक जीत ने भारत को सीरीज 2-1 से जिताने में अहम भूमिका निभाई।

आईपीएल में भी रहाणे का लंबा अनुभव रहा है। उन्होंने छह टीमों के लिए खेलते हुए 5367 रन बनाए और 2023 में चेन्नई सुपर किंग्स के साथ आईपीएल खिताब जीता। वह 2025 और 2026 सत्र में कोलकाता नाइट राइडर्स की कप्तानी भी कर चुके हैं। अब अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास के बाद रहाणे की नजर यूरोपीय टी20 लीग में नई भूमिका और वैश्विक क्रिकेट में अपने अनुभव को आगे की पीढ़ी तक पहुंचाने पर है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें