आईपीएल 2025 सीजन से पहले होने वाली बड़ी नीलामी को देखते हुए रिटेंशन नियम पर फैसला हो गया था। अब जानकारी सामने आ रही है कि आईपीएल टीमों के पास नीलामी से पहले खिलाड़ियों को रिटेन करने के लिए डेडलाइन तय कर दी गई है। ईएसपीएनक्रिकइंफो की रिपोर्ट के अनुसार, टीमों के पास खिलाड़ियों को रिटेन करने के लिए 31 अक्तूबर तक का समय है। नीलामी से पहले शीर्ष परिषद की बैठक शनिवार को बेंगलुरु में हुई थी। इस बैठक में रिटेंशन सहित कई अन्य मुद्दों पर निर्णय लिया गया था।
शीर्ष परिषद ने आईपीएल फ्रेंचाइजी को पिछली टीमों में से अधिकतम छह खिलाड़ियों को रिटेन करने की अनुमति दी है। इसमें नीलामी में एक राइट टू मैच (आरटीएम) कार्ड भी शामिल होगा। कोई भी फ्रेंचाइजी छह में से भारतीय और विदेशी मिलाकर अधिकतम पांच कैप्ड खिलाड़ी और अधिकतम दो अनकैप्ड खिलाड़ी रिटेन कर सकेगी। यानी अगर किसी टीम ने पांच कैप्ड खिलाड़ी लिया है तो उसे छठा खिलाड़ी अनकैप्ड रिटेन करना होगा।
शीर्ष परिषद की बैठक में यह भी फैसला किया गया था कि यदि कोई भारतीय खिलाड़ी पिछले पांच कैलेंडर वर्षों में राष्ट्रीय टीम के लिए नहीं खेला है तो उसे अनकैप्ड खिलाड़ी माना जाएगा। आईपीएल के अनुसार, अगर कोई कैप्ड भारतीय खिलाड़ी संबंधित सीजन के आयोजन से पहले के पिछले पांच कैलेंडर वर्षों में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट (टेस्ट मैच, वनडे, टी20 अंतरराष्ट्रीय) में शुरुआती एकदाश में नहीं खेला है या उसके पास बीसीसीआई के साथ केंद्रीय अनुबंध नहीं है, तो वह अनकैप्ड हो जाएगा। यह नियम सिर्फ भारतीय खिलाड़ियों के लिए लागू होगा।
रिटेंशन में अगर कोई खिलाड़ी 31 अक्तूबर से पहले अंतरराष्ट्रीय डेब्यू कर लेता है तो उसको कैप्ड माना जाएगा, लेकिन अगर कोई रिटेन हुआ अनकैप्ड खिलाड़ी नीलामी से एक दिन पहले भी अंतरराष्ट्रीय डेब्यू करता है तो उसको अनकैप्ड ही माना जाएगा। बड़ी नीलामी के लिए फ्रेंचाइजी का पर्स भी बढ़ाया गया है, अब हर फ्रेंचाइजी के पास नीलामी के लिए 120 करोड़ रुपये का पर्स उपलब्ध होगा।
विदेशी खिलाड़ियों को नीलामी के लिए कराना होगा पंजीकरण
किसी भी विदेशी खिलाड़ी को बड़ी नीलामी में शामिल होने के लिए पंजीकरण कराना होगा। अगर कोई विदेशी खिलाड़ी पंजीकरण नहीं कराता है तो वह अगले वर्ष की मिनी नीलामी में शामिल होने के लिए अयोग्य होगा।