टी-20 कैरियर को लंबा करने के लिए पाकिस्तान के विस्फोटक बल्लेबाज शाहिद अफरीदी ने आगामी वर्ल्ड कप के बाद वनडे क्रिकेट से संन्यास लेने का फैसला किया है।
अफरीदी ने रविवार को कहा कि मैं हमेशा से ही आत्मसम्मान के साथ वनडे क्रिकेट को अलविदा कहना चाहता था और अब मुझे लगता है कि टी-20 करियर पर ध्यान देने के लिए यह बिल्कुल सही वक्त है।
उन्होंने कहा, "मैं बहुत खुश हूं कि सही समय पर यह फैसला लेने का साहस दिखा सका। वह इसलिए क्योंकि पूर्व में मैंने अपने से कहीं बड़े खिलाड़ियों को देखा है जो सही समय पर संन्यास का फैसला नहीं ले सके।" उन्होंने कहा कि ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड में होने वाले आगामी वर्ल्ड कप के बाद मैं पूरा ध्यान टी-20 प्रारूप में राष्ट्रीय टीम की कप्तानी पर लगाऊंगा। मेरा लक्ष्य 2016 टी-20 वर्ल्ड कप में पाक की कप्तानी करने का है।
अगला टी-20 वर्ल्ड कप भारत में है और मेरी दिली इच्छा है कि हम वहां खिताबी जीत हासिल करें।
34 वर्षीय अफरीदी ने कहा, "मैंने संन्यास को लेकर पाक टीम प्रबंधन से भी बात की थी, लेकिन उन्हें इस बारे में कोई जानकारी नहीं दी थी। मैं पहला पाकिस्तानी खिलाड़ी हूं जिसने सही तरीके से अपने संन्यास की घोषणा की। मेरे लिए यह काफी है क्योंकि मैं वनडे क्रिकेट में कई उपलब्धियां हासिल कर चुका हूं।"
कई साल तक वनडे इतिहास के सबसे तेज शतक का रिकॉर्ड अपने पास रखने वाले अफरीदी वनडे क्रिकेट में 400 विकेट और 8000 रन बनाने के कीर्तिमान से कुछ ही कदम दूर हैं। वह 391 विकेट लेने के अलावा 7870 रन बना चुके हैं। वनडे के सबसे तेज शतक का रिकॉर्ड अब न्यूजीलैंड के कोरी एंडरसन के नाम है जिन्होंने इसी साल एक जनवरी को 36 गेंद पर यह कारनामा किया था।