टी20 की बढ़ती लोकप्रियता के बीच वनडे फॉर्मेट पर लगातार सवाल उठ रहे हैं। कहा जा रहा है कि वनडे फॉर्मेट में प्रशंसक अब ज्यादा दिलचस्पी नहीं ले रहे हैं। फटाफट क्रिकेट के दौर में यह उबाऊ होने लगा है। कई दिग्गजों ने 50 ओवर के फॉर्मेट को लेकर अहम सुझाव दिए हैं। इसी बीच, ऑस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान एरॉन फिंच ने कहा है कि वनडे में ओवर कम किए जाने चाहिए। इससे दर्शकों को समय बचेगा और वह ज्यादा से ज्यादा की संख्या में मैच देखेंगे।
फिंच का मानना है कि वनडे को प्रति पारी 40 ओवर का कर देना चाहिए क्योंकि 50 ओवर की गति बहुत धीमी है। भारत में विश्व कप 2023 की सफलता के बावजूद वनडे के भविष्य को लेकर काफी बहस चल रही है। इस साल बहुत कम वनडे मैच निर्धारित हैं। इस साल आईसीसी टी20 विश्व कप होने वाला है।
'मैच 11 या 12 घंटे तक चला जाता है'
ईएसपीएन क्रिकइंफो के एक वीडियो में फिंच ने कहा, "मुझे लगता है कि अगर यह 40 ओवरों तक हो जाता है तो यह देखने में अच्छा लगेगा। इंग्लैंड के पास प्रो-40 हुआ करता था और वह एक बड़ी प्रतियोगिता थी। मुझे लगता है कि खेल बहुत लंबा हो गया है। जो टीमें 50 ओवर गेंदबाजी करती हैं उनकी गति काफी धीमी है। मैच 11 या 12 घंटे तक चला जाता है। यह स्वीकार्य नहीं है। लोग कहेंगे कि टी20 के कारण ऐसा हो रहा है, लेकिन ऐसा कम भीड़ को लेकर है।''
फिंच ने वेस्टइंडीज को लेकर कही यह बात
फिंच नहीं चाहते कि उनके विचार का उपयोग बड़ी टीमों के मैचों के दौरान किया जा। उन्होंने कहा कि इससे संघर्षरत वेस्टइंडीज जैसी टीमों को मदद मिल सकती है। विंडीज की टीम पिछले साल वनडे विश्व कप में नहीं खेल पाई थी। पिछले साल विश्व कप के बाद पाकिस्तान के पूर्व कप्तान वसीम अकरम ने भी कहा था कि ओवरों की संख्या कम होनी चाहिए। सचिन तेंदुलकर पहले ही इस फॉर्मेट में बदलाव का सुझाव दे चुके हैं।