जयपुर के चौमूं क्षेत्र की एक महिला ने अपने ही पति को दीवार में चुनवा दिया था। अतिरिक्त सत्र न्यायालय ने सोमवार को 6 साल पहले के इस मामले में सुनवाई करते हुए आरोपित महिला को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। मामले के अनुसार चौमू थाना इलाके में रहने वाले सावित्री देवी प्रजापत ने 5 जनवरी 2011 को अपने प्रेमी मंगलाराम के साथ मिलकर अपने पति कालूराम कुम्हार की हत्या कर दी थी और उसकी लाश को ठिकाने लगाने के लिए दीवार में चुनवा दिया था। वारदात के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की और महिला सावित्री के खिलाफ सभी तथ्यों को जुटाकर न्यायालय में पेश किया।
जानकारी के अनुसार कोर्ट ने इस मामले में पुलिस द्वारा महिला के प्रेमी मंगलाराम के खिलाफ सबूत जुटाने और लापरवाही बरतने के चलते उसे मामले में बरी कर दिया है। प्रकरण में अतिरिक्त सत्र न्यायालय ने सुनवाई करते हुए आरोपित महिला को आजीवन कारावास की सजा सुनाते हुए 35 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया है। साथ ही जांच में लापरवाही बरतने वाले पुलिस अफसर पर कार्रवाई करने के आदेश दिए हैं। गौरतलब है कि रामपुरा डाबड़ी निवासी 40 वर्षीय आरोपित महिला ने पुलिस को बताया था कि उसका पति अप्राकृतिक संबंध बनाने के लिए दबाव बनाता था। इससे तंग आकर उसने पति को पहले फावड़े के हत्थे से मारा और फिर उसके बाद उसका गला घोंटकर हत्या कर दी थी। इसके बाद किसी को उस पर शक न हो इसलिए पति को दीवार में चुनवा दिया।