सुंजवां आतंकी हमले के दौरान शुक्रवार सुबह शहर में अफरातफरी का माहौल रहा। हमले की सूचना मिलने पर लोग चिंतित रहे। इसके चलते बड़ी संख्या में अभिभावकों ने अपने बच्चों को स्कूल नहीं भेजा। स्कूलों के आसपास पुलिस की निगरानी रही। दोनों आतंकियों के मारे जाने के बाद ही अभिभावकों को राहत मिली।
हमले की सूचना मिलने पर अफरातफरी का माहौल
शहरवासियों की सुबह नींद खुलने पर उन्हें सुंजवां में आतंकी हमले की सूचना मिली। सोशल मीडिया और टीवी चैनलों से हमले की सूचना मिलने पर अफरातफरी का माहौल बन गया। इसी समय स्कूलों के शुरू होने का समय था। हालांकि सुंजवां शहर से बाहर पड़ता है, लेकिन अभिभावकों में अपने बच्चों को लेकर चिंता रही।
स्कूलों के आसपास पुलिस की निगरानी बढ़ा दी गई
स्कूलों के बाहर पहुंचे अभिभावक सुरक्षा को लेकर बात करते दिखे। हमले के बाद खासतौर पर बड़े स्कूलों के आसपास पुलिस की निगरानी बढ़ा दी गई थी। जिला उपायुक्त कार्यालय के बाहर पुलिस ने नाका लगाकर वाहनों की जांच की। इसी तरह शहीदी चौक पर भी बैरिकेड लगाए गए थे। इस समय एक प्रमुख स्कूल के खुलने का समय था।
कई अभिभावकों ने बच्चों को नहीं भेजा स्कूल
इसी तरह शहर में अन्य जगहों पर भी स्कूलों के आसपास निगरानी बढ़ाई गई। अभिभावक जितेंद्र सिंह ने कहा कि उन्हें सुबह हमले की जानकारी मिली थी, जिसके बाद उन्होंने अपने बच्चे को स्कूल नहीं भेजा। मन में ऐसे ख्याल आ रहे थे कि कहीं अन्य दूसरी जगह भी आतंकी हमला न हो जाए। इसी तरह अभिभावक समृद्धि ने बताया कि कई अभिभावकों द्वारा उन्हें फोन पर आतंकी हमले की जानकारी दी गई, जिसके बाद उन्होंने अपने बच्चे को स्कूल में नहीं भेजा।
हमले के बाद बंद कराए जम्मू शहर के कई स्कूल
आतंकी हमले के कारण जिला मुख्य शिक्षा अधिकारी जम्मू ने जम्मू शहर में पड़ते हायर सेकेंडरी स्कूल सुंजवां, हाई स्कूल बठिंडी, आईडीपीएस सुंजवां, आरएस पब्लिक स्कूल चौआदी, दून स्कूल, डीएस हैरिटेज स्कूल, बिरला ओपन माइंड स्कूल, ब्रिटिश इंटरनेशनल स्कूल और जीपीएस चौआदी को शुक्रवार को बंद करवा दिया गया। जिला शिक्षा अधिकारी ने कहा कि तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए स्कूलों को एक दिन के लिए बंद करने के निर्देश दिए गए थे। शनिवार को पहले की तरह स्कूलों में पढ़ाई होगी।