रानीखेत-हल्द्वानी स्टेट हाइवे पर पिलखोली में बुधवार की देर रात लकड़ी के चौमंजिले भवन में आग लग गई। लकड़ी और टिन से निर्मित यह भवन दो सौ साल पुराना बताया जा रहा है। भवन स्वामी दुकान भी चलाता है। आग से तीसरी और चौथी मंजिल राख हो गई। घर और दुकान का सामान आग की भेंट चढ़ गया। भवन स्वामी ने 25 लाख रुपए के नुकसान की बात कही है, इधर राजस्व पुलिस नुकसान के आंकलन में जुटी हुई है।
पिलखोली में सड़क किनारे मोहन सिंह पुत्र लाल सिंह का 200 साल पुराना लकड़ी का चौमंजिला भवन है। निचले दो मंजिलों में जानवर और सामान रहता है, जबकि तीसरी मंजिल में भवन स्वामी की दुकान है और चौथी मंजिल में भवन स्वामी का परिवार रहता है। बताया गया है कि बुधवार की देर रात साढ़े 11 बजे भवन में आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया। आग देखकर आस पड़ोस में अफरा तफरी मच गई।
जानवरों को बाहर खदेड़ दिया गया, भवन स्वामी का परिवार भी बाहर आ गया। दूसरी मंजिल में रखा सामान बचा लिया गया, लोग अपने-अपने संसाधनों से आग बुझाने में जुट गए, लकड़ी का भवन होने के कारण कुछ ही देर में आग ने और भयंकर रूप धारण कर लिया। रात्रि साढ़े 12 बजे वहां दमकल वाहन पहुंचा। दमकल कर्मियों ने स्थानीय लोगों की मदद से डेढ़ घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक ऊपरी दोनों मंजिलें राख हो चुकी थीं।
सूचना के बाद वहां राजस्व पुलिस भी मौके पर पहुंची। उपराजस्व निरीक्षक बची राम आगरी ने बताया कि भवन स्वामी मोहन सिंह के अनुसार दुकान के सामान के अलावा बक्से, टीवी, फ्रिज, अलमारी, 10 तोला सोना, 70 हजार रुपए की नकदी सहित कुल 25 लाख रुपए का नुकसान हुआ है। नुकसान का आंकलन किया जा रहा है।