भाजपा के वरिष्ठ नेता सुशील कुमार मोदी ने केन्द्र सरकार से इच्छा जतायी है कि वित्त वर्ष 1 जनवरी से चालू किया जाए। मालुम हो कि वित्त वर्ष 1 अप्रैल से शुरु होता है।
जनता दरवार में मंगलवार को संवाददाताओं से बातचीत के दौरान मोदी ने कहा कि वित्त वर्ष को अप्रैल से जनवरी में तब्दील करना एनडीए सरकार का साहसिक कदम माना जाएगा। क्योंकि पारंपरिक शुरुआत एक ब्रिटिश विरासत बनी हुई है। इसलिए इसको बदलना जरुरी है, और मुझे आशा है कि यह एक ऐतिहासिक निर्णय होगा।
पत्रकारों से बातचीत करते हुए मोदी ने कहा कि वित्त वर्ष का सुझाव सरकार को समय के अनुरुप और मानसून विकास गतिविधियों से पहले देना होगा। उन्होंने कहा कि बहुत सी ऐसी एक्सपर्ट समिति है जिन्होंने मौजुदा वित्त वर्ष में बदलाव कि सिफारिश की है।
मोदी ने कहा कि केन्द्रीय बजट के साथ-साथ रेल बजट का पेश होना, आर्थिक दृष्टिकोण से लाभकारी होगा और पूरे देश के विकास में इसका सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा।
क्या केंद्र सरकार विशेष राज्य का दर्जा के लिए बिहार की मांग पर विचार करेगी? प्रश्न पूछे जाने पर उसके जवाब में पूर्व उप मुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जो बिहार को वित्तीय पैकेज दिया था वो पैकेज विशेष दर्जा देने की तुलना में काफी अधिक था।
इसके अलावा, उन्होंने कहा कि नई योजना में "विशेष दर्जा"शब्द इतिहास बन गया है। ये कारण हो सकता है कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बिहार को विशेष दर्जा पर गाना गाना बंद कर दिया हो।