कोरोना संक्रमित डाॅक्टरों और नर्सों के क्वारंटीन के लिए वकील ने की अपनी संपत्ति देने की पेशकश -वकील निजामुद्दीन स्थित संपत्ति को कोरोना महामारी से लड़ने में सहयोग के लिए देना चाहते हैं अमर उजाला ब्यूरो नई दिल्ली, 19 अप्रैल दिल्ली हाईकोर्ट के एक वकील ने निजामुद्दीन इलाके में स्थित अपनी संपत्ति में डाॅक्टरों, नर्सों और अन्य मेडिकल स्टाफ के लिए क्वारंटीन सेंटर बनाने की पेशकश की है। कोरोना संक्रमण के कारण फैली महामारी के दौरान वकील ने अपने इस प्रयास को सहयोग के सागर में पानी की एक बूंद के बराबर बताया है। उन्होंने अपने इस सहयोग के लिए प्रधानमंत्री और दिल्ली के मुख्यमंत्री को पत्र लिखा है। वकील एम सूफीयान सिद्दीकी के मुताबिक वह वेस्ट निजामुद्दीन इलाके में स्थित अपनी 15 कमरों वाली संपत्ति को एक महीने के लिए निः शुल्क मेडिकल स्टाफ के लिए क्वारंटीन सेंटर बनाने के लिए देना चाहते हैं। इस संपत्ति में मौजूद 15 कमरों में सभी सुविधाएं उपलब्ध हैं, जिससे यहां पर रहने वाले लोगों को कोई परेशानी नहीं होगी। उनका कहना है कि कोरोना महामारी के समय में अपने राष्ट् के लिए एक छोटा सा भी योगदान एक बेहतर प्रयास साबित हो सकता है। पूरा देश ही नहीं पूरा विश्व इस समय इस महामारी से जूंझ रहा है। इस दौरान डाॅक्टर और नर्सें अपनी जान को जोखिम में डालकर कोरोना संक्रमित मरीजों को इजाल कर रहे हैं। मरीजों के इलाज के दौरान मेडिकल स्टाफ भी संक्रमित हो रहा है। उन्होंने कहा कि इस संकट की घड़ी में उनकी यह छोटी सी मदद होगी, जो शायद महज सागर की एक बूंद के बराबर ही क्यू ंना हो। उन्होंने पत्र में लिखा कि उनकी संपत्ति निजामुद्दीन पुलिस स्टेशन के नजदीक है और यहां से एम्स भी ज्यादा दूर नहीं है। इसलिए अगर यहां पर क्वारंटीन सेंटर बनाया जाए तो यहां रखने वाले लोगों को उपचार देने में भी कोई परेशानी नहीं होगी। ------ अरुण कुमार