सात अगस्त को रक्षा बंधन के दिन चंद्र ग्रहण के कारण बदरीनाथ धाम के कपाट दोपहर बाद बंद कर दिए जाएंगे। इसके बाद तीर्थयात्री भगवान बदरी विशाल के दर्शन नहीं कर पाएंगे।
इसके बाद आठ अगस्त को सुबह चार बजे से ही बदरीनाथ की नित्य पूजाएं शुरू होंगी और तीर्थयात्री भगवान बदरीनाथ के दर्शन कर सकेंगे। बदरीनाथ धाम के धर्माधिकारी भुवन चंद्र उनियाल ने बताया कि सात अगस्त को रात 10 बजकर 52 मिनट से 12 बजकर 48 मिनट तक चंद्र ग्रहण है।
ग्रहण से नौ घंटे पहले सूतक काल माना जाता है। इस दौरान मंदिरों में पूजाएं नहीं होती हैं और न ही कोई शुभ कार्य होते हैं। ऐसे में सात अगस्त को चंद्र ग्रहण के कारण दोपहर डेढ़ बजे बदरीनाथ के कपाट बंद कर दिए जाएंगे।
रात आठ बजे होने वाली बदरीनाथ की शयन आरती भी दोपहर में डेढ़ बजे से पहले ही संपन्न कर दी जाएगी। आठ अगस्त को तड़के भगवान बदरीनाथ की अभिषेक पूजाएं शुरू हो जाएंगी।
धर्माधिकारी श्री उनियाल ने बताया कि मौसम खराब होने के बावजूद बदरीनाथ में तीर्थयात्रियों के पहुंचने का सिलसिला जारी है। बदरीनाथ की अभिषेक पूजाओं की भी ऑनलाइन बुकिंग आ रही हैं। इधर, बीकेटीसी के धर्माधिकारी बीडी सिंह का कहना है कि मौसम को देखते हुए बदरीनाथ धाम में तीर्थयात्रियों को किसी भी प्रकार की असुविधा नहीं होने दी जा रही है।