केन्द्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने उत्कृष्ट स्वास्थ्य सेवा और मरीजों को बेहतर इलाज की सुविधा देने वाले छत्तीसगढ़ के तीन और स्वास्थ्य केन्द्रों को राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानक प्रमाण-पत्र प्रदान किया है। मंत्रालय की टीम ने फरवरी में इन तीनों अस्पतालों का निरीक्षण किया था। इस दौरान मरीजों के लिए उपलब्ध सेवाओं की गुणवत्ता का परीक्षण किया था। टीम ने इस संबंध में मरीजों से भी फीडबैक लिया था।
केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने सरगुजा जिले के सीतापुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, महासमुंद के कोमाखान प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र और कोरबा के गोपालपुर शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र को राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानक प्रमाण पत्र से नवाजा है। स्वास्थ्य मंत्रालय की टीम के मूल्यांकन में गोपालपुर शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र को 89 प्रतिशत, कोमाखान प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र को 85 प्रतिशत और सीतापुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र को 84 प्रतिशत अंक मिले हैं।
बता दें कि राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानक प्रमाण-पत्र प्रदान करने के पहले विशेषज्ञों की टीम अस्पताल की सेवाओं और संतुष्टि स्तर का विभिन्न मानकों पर परीक्षण करती है। इनमें उपलब्ध सेवाएं, मरीजों के अधिकार, इनपुट, सपोर्ट सर्विसेस, क्लिनिकल सर्विसेस, इन्फेक्शन कंट्रोल, गुणवत्ता प्रबंधन और आउटकम जैसे पैरामीटर शामिल हैं। इन कड़े मानकों पर खरा उतरने वाले अस्पतालों को ही केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा गुणवत्ता प्रमाण-पत्र जारी किए जाते हैं।