छत्तीसगढ़ के बलरामपुर रामानुजगंज में मानवीय सवेदनाओं को झकझोर देने वाला मामला सामने आया है। जो भी घटना को सुनता है स्तब्ध हो जाता है। दरअसल बेटे को सांप ने काट लिया था, मां इलाज के लिए जिला अस्पताल लेकर गई और वहां उसकी जान तो बचा ली, लेकिन लौटते वक्त किस्मत ने साथ नहीं दिया। घर पहुंचने से महज एक किमी पहले सड़क हादसे में मां की जान चली गई, जबकि बेटी गंभीर रूप से घायल हो गई।
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जिले के बगरा गांव की रहने वाली 45 वर्षीय मनबासों उम्र 45 वर्ष, अपने बेटे जीतू (19) और बेटी प्रमिला (17) के साथ बलरामपुर जिला अस्पताल से कार से घर लौट रही थीं। रास्ते में घर पहुंचने से करीब एक किमी पहले, रात 8 बजे एक पिकअप वाहन को बचाने की कोशिश में कार अनियंत्रित होकर पेड़ से टकरा गई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि मां मनबासो और प्रमिला गंभीर रूप से घायल हो गईं।
परिजनों ने तत्काल दोनों को रामानुजगंज अस्पताल पहुंचाया, जहां इलाज के दौरान मां की मौत हो गई। बेटी प्रमिला के सिर में गंभीर चोटें आई हैं, उसका इलाज जारी है। हादसे में बेटा जीतू सुरक्षित है। हादसे की सूचना मिलते ही अस्पताल में परिजनों और गांववालों की भीड़ उमड़ पड़ी।