प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर
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Congress on Rahul Tikaria: आईपीएस रतनलाल डांगी पर महिला के साथ यौन उत्पीड़न के आरोप के बाद प्रदेश की सियासत गरमाई हुई है। मामले में कांग्रेस ने बीजेपी सरकार पर चौतरफा हमला बोला है। प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने भाजपा सरकार पर महिला शोषण के मामले की जांच करने में भेदभाव बरतने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि आईपीएस रतनलाल डांगी पर महिला के लगाये लगे आरोप की जांच की तरह ही भाजयुमो अध्यक्ष राहुल टिकरिया पर नाबालिक लड़की के लगाए गए गंभीर आरोपों की जांच होनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि राज्य की बीजेपी सरकार में महिला शोषण के मामले की जांच में भी भेदभाव दिख रहा है। भाजपा सरकार को बताना चाहिए क्या प्रदेश में भाजपा नेताओं के लिए अलग कानून है? दूसरे लोगों के लिए अलग कानून है? भाजपा नेता आरोपी हो तो क्या उसके खिलाफ जांच नहीं होगी? आरोप लगाने वाली पीड़िता की गुहार नहीं सुनी जाएगी? आरोपियों के द्वारा अपने बचाव में पीड़ितों पर ही उलजुलूल आरोप लगाकर आरोपो से ध्यान भटकाना, पीड़ितों को डराने, धमकाने से न्याय कैसे मिलेगा? यही सुशासन है?
प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता ठाकुर ने कहा कि भाजपा सरकार कहती है आरोपी आईएएस हो या आईपीएस हो कानून से ऊपर कोई नहीं है, कानून अपना काम करेगा, निष्पक्ष जांच होगी और दोषी पाए जाने पर कानून सम्मत कार्यवाही होगी। फिर वहीं भाजपा सरकार कैसे भूल जाती है कि भाजयुमो प्रदेश अध्यक्ष के ऊपर नाबालिक बेटी ने जो संगीन और गंभीर आरोप लगाए हैं उसकी अब तक जांच नहीं हुई है? महिला आयोग के सामने भी आरोपी उपस्थित होकर अपना पक्ष क्यों नहीं रख रहे? पीड़ित ने प्रेस क्लब में प्रेस वार्ता के माध्यम से जो गंभीर आरोप लगाए हैं उसे स्वतः संज्ञान में लेकर सरकार ने एफआईआर दर्ज क्यों नहीं किया है? आरोपी भाजपा नेता है तो क्या कानून के हाथ पैर बांध दिए जाएंगे? बड़ी शर्म की बात है भाजपा सरकार के मंत्री और भाजपा के नेता आरोप लगाने वाले पीड़ित को ही गलत ठहरा रहे? भाजपा प्रदेश अध्यक्ष किरण देव सिंह एवं भाजपा के वरिष्ठ नेता इस मामले में मौन क्यों है?