बालोद जिले के निपानी गांव में रामबती साहू की हत्या का मामला पुलिस ने सुलझा लिया है। हत्यारा मृतका का जेठ विजय साहू निकला, जिसने चरित्र शंका के चलते 13 अप्रैल 2025 की रात बहू को सिर पटक-पटककर मार डाला। आरोपी ने टीवी पर मूवी में देखा कि पारिवारिक विवाद बातचीत से सुलझाए जा सकते हैं। उसने रामबती से बात करने की कोशिश की, लेकिन विवाद बढ़ने पर गुस्से में उसे बार-बार जमीन पर पटक दिया, जिससे उसकी मौत हो गई।
घटना के समय रामबती का पति नाच पार्टी में प्रस्तुति देने गया था और परिवार छठी कार्यक्रम में शामिल होने दूसरे गांव गया था। रात 12 बजे जब मृतका की बेटी और परिवार वापस लौटे तो खून से लथपथ लाश देखकर स्तब्ध रह गए। 14 अप्रैल को सुबह पति ने थाने में सूचना दी। पुलिस को शुरू से परिवार वालों पर शक था। पूछताछ में विजय बार-बार बयान बदल रहा था, लेकिन पुलिस के दबाव में उसने जुर्म कबूल कर लिया। उसने बताया कि उसने साक्ष्य छिपाने के लिए कपड़े, चप्पल और हाथ-पैर धोए और परिवार के आने पर नाटक किया।
पुलिस ने आरोपी के कपड़े और चप्पल जब्त किए और छह दिनों के भीतर मामले को सुलझाते हुए विजय साहू को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया। मामले को सुलझाने में एसडीओपी बालोद देवांश सिंह राठौर, थाना प्रभारी रविषंकर पाण्डेय, सउनि धरम भुआर्य, प्र.आर. दुर्योधन यादव, आरक्षक बनवाली साहू, संजय सोनी, नागेश साहू, आकाश दुबे, मोहन कोकिला, म.आर. लक्ष्मी पटेल, ममता ठाकुर, सायबर सेल के उप.नि. जोगेंद्र साहू, प्र.आर. रूमलाल चुरेंद्र, भुनेश्वर मरकाम, विवेक शाही, आरक्षक राहुल मनहरे, विपिन गुप्ता, आकाश सोनी, मिथलेश यादव, पूरन देवांगन, गुलजारी साहू और थाना स्टाफ शामिल रहे।