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Bilaspur News: हाईकोर्ट ने ED के खिलाफ लगी याचिकाओं को किया खारिज, जानें क्या है पूरा मामला

Fri, 21 Apr 2023 10:51 PM IST
आकाश दुबे अमर उजाला नेटवर्क, बिलासपुर

सार

रायपुर की रहने वाली पिंकी सिंह ने हाईकोर्ट में ईडी के खिलाफ याचिका देते हुए कहा कि मेरे घर की बिना सक्षम अधिकारी की अनुमति के तलाशी और जांच की गई थी। 
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छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट - फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
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प्रवर्तन निदेशालय के खिलाफ शुक्रवार को लगी याचिकाओं को हाईकोर्ट ने खारिज कर दिया। पिछली सुनवाई के बाद हाईकोर्ट ने अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था। जिसे आज सुनाया गया है। जिसमें ईडी के खिलाफ लगे सभी आरोपों को तथ्यहीन पाते हुए याचिका को खारिज कर दिया गया। हाईकोर्ट में खुर्सीपारा गौतम नगर भिलाई के अभिषेक सिंह, समता कॉलोनी रायपुर के नितेश पुरोहित और अवंति विहार रायपुर की पिंकी सिंह ने हाईकोर्ट में ईडी के खिलाफ याचिका दी थी। 

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याचिकाकर्ता पिंकी सिंह ने ईडी की कार्रवाई पर उठाए सवाल
याचिका में कहा गया था कि ईडी के द्वारा बिना सक्षम अधिकारी की अनुमति के तलाशी और जांच की गई। असंवैधानिक तरीके से जब्ती की गई। याचिकाकर्ता पिंकी सिंह ने अपनी याचिका में कहा कि उन पर की गई कार्रवाई सीआरपीसी की धारा 46(4) का उल्लंघन करती है। बिना अनुमति और वैध वारंट के उनके घर तलाशी ली गई। महिला से पूछताछ के दौरान पता चला कि जांच के लिए बने प्रावधानों का भी उल्लंघन किया गया। 

हाईकोर्ट से याचिकाकर्ताओं ने की ये अपील
अभिषेक सिंह के साथ अमित सिंह ने भी जॉइंट याचिका पेश की थी। याचिकाकर्ताओं के अधिवक्ता ने सीसीटीवी के सामने पूछताछ की मांग रखी। ईडी की ओर से पेश विशेष लोक अभियोजक सौरभ पांडेय ने अदालत के समक्ष ईडी की तरफ से तर्क प्रस्तुत किया। जिसमें उन्होंने बताया कि शराब घोटालें में मुख्य अभियुक्त अरविंद सिंह हैं। याचिकाकर्ता पिंकी सिंह उनकी पत्नी हैं और अभिषेक सिंह उनके भतीजे हैं। साथ ही एक अन्य याचिकाकर्ता नितेश पुरोहित उनके करीबी मित्र हैं। सभी को सिर्फ जांच के दायरे में लिया गया है न कि अभियुक्त बनाया गया है। 
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हाईकोर्ट के समक्ष ईडी के वकील ने दी जानकारी
पिंकी सिंह के निवास से मात्र 2 मोबाइल बरामद हुए। अधिकारियों ने पूरी तरह से नियमों का पालन किया था। सभी को जांच के दौरान सिर्फ पूछताछ करने के लिए बुलवाया गया था न कि उनकी गिरफ्तारी की गई है। पूछताछ की भी सारी प्रक्रिया सीसीटीवी की निगरानी में नियमत ही हो रही है। ईडी के वकील ने बताया कि वकील की उपस्थिति में पूछताछ होने पर जांच प्रभावित होगी। सुनवाई चीफ जस्टिस रमेश सिन्हाऔर जस्टिस संजय अग्रवाल की डिवीजन बेंच में हुई। अदालत ने तर्को को सुनने के पश्चात ईडी के खिलाफ लगी याचिका को खारिज कर दिया। हालांकि, मानहानि के मामले में सिविल कोर्ट में याचिका लगाने की अनुमति दी है।
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