पूर्व सरपंच प्रतिनिधि मनोहर वर्मा
- फोटो : अमर उजाला
ग्राम पंचायत सुमा के पूर्व सरपंच प्रतिनिधि मनोहर वर्मा ने अधिकारियों की सुस्त कार्यप्रणाली से नाराज होकर आत्महत्या करने की बात कही है। सन् 2020 व 2021 में ग्राम पंचायत सुमा गौठान में तार फैंसिंग, सीमेंट पोल का कार्य 15वें वित्त योजना के तहत सात लाख अस्सी हजार रुपये स्वयं के खर्च से किया गया, लेकिन दो साल बीत जाने के बाद आज तक शासन से रुपये नहीं मिले।
रुपये प्राप्ति के लिए ब्लॉक से जिलाधीश तक आवेदन दिया गया, लेकिन अधिकरी केवल आश्वासन देते हैं, रुपये नहीं। कर्जदारों के द्वारा लगातार कर्ज वापसी की मांग करना तथा अधकारियों से शासन की योजना का पैसा नहीं देने से मनोहर वर्मा आर्थिक रूप से परेशान हो गए। अब उन्होंने आत्महत्या करने की बात कही है।