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छत्तीसगढ़: 48 लाख का मैनेजर बनकर रचाई शादी, अगले दिन ऐसा राज खुला कि दुल्हन के उड़े होश, एफआईआर दर्ज

Thu, 17 Sep 2026 04:29 PM IST
अमन कोशले अमर उजाला नेटवर्क, बिलासपुर

सार

बिलासपुर में 48 लाख रुपये सालाना पैकेज और 200 एकड़ जमीन का दावा कर शादी करने वाले युवक समेत माता-पिता पर 6.76 लाख रुपये की धोखाधड़ी का केस दर्ज हुआ है।
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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बिलासपुर जिले के कोनी थाना पुलिस ने 48 लाख रुपये सालाना पैकेज और 200 एकड़ जमीन का फर्जी बायोडाटा दिखाकर विवाह रचाने वाले युवक और उसके माता-पिता के खिलाफ मामला दर्ज किया है। आरोपी युवक ने पीएचडी शोधार्थी युवती से शादी के नाम पर और अलग-अलग बहानों से कुल 6.76 लाख रुपये भी ऐंठ लिए। शिकायत के बाद पुलिस ने आरोपी हर्षदीप राम जाड़ी, उसके पिता लोधन राम जाड़ी और मां राजो जाड़ी पर प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
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फर्जी बायोडाटा से विवाह का प्रस्ताव
मूल रूप से जशपुर की रहने वाली 30 वर्षीय पीड़िता मीतू वर्ष 2022 से बिलासपुर स्थित गुरु घासीदास केंद्रीय विश्वविद्यालय से पीएचडी कर रही हैं। उनके साथ हाईस्कूल में पढ़ने वाले हर्षदीप राम जाड़ी से वर्ष 2022 में फिर मुलाकात हुई, जिसके बाद दोनों के बीच बातचीत शुरू हो गई। मई 2024 में हर्षदीप ने शादी का प्रस्ताव रखा। 8 जनवरी, 2025 को एक कैफे में मुलाकात के दौरान हर्षदीप ने अपना बायोडाटा दिया। इसमें उसने खुद को बिट्स पिलानी से बीटेक और जयपुर की बड़ी कंपनी में डेटा एनालिस्ट मैनेजर बताया। उसने अपनी सालाना आय 48 लाख रुपये, पिता के व्यवसाय का वार्षिक टर्नओवर 88 लाख रुपये और परिवार के पास 150 से 200 एकड़ जमीन होने का दावा किया। इन दावों पर विश्वास कर युवती के स्वजनों ने शादी की सहमति दे दी।

शादी के नाम पर 6.76 लाख की ठगी
दोनों का विवाह 12 मार्च  को बिलासपुर के होटल पेट्रीशियन में हुआ। विवाह का पूरा खर्च उठाने का आश्वासन आरोपी के पिता लोधन राम जाड़ी ने दिया था। हालांकि शादी से पहले फरवरी और मार्च महीने में आरोपी हर्षदीप और उसकी मां राजो जाड़ी के बैंक खातों में जरूरतों के नाम पर 4.96 लाख रुपये स्थानांतरित कराए गए। इसके अतिरिक्त हर्षदीप ने अपने खाते में अलग से 60 हजार रुपये लिए। शादी की रात टेंट और कैटरिंग व्यवस्था का भुगतान न होने पर पीड़िता के पिता ने कैटरर को 90 हजार रुपये और मामा ने टेंट संचालक को 90 हजार रुपये दिए।
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इमू पक्षी के तेल का निकला कारोबार
शादी के अगले दिन होटल से निकलते समय बकाया भुगतान न होने के कारण होटल संचालक ने आरोपी की कार रोक ली। इसके बाद आरोपी और उसके पिता ने अपने मोबाइल फोन बंद कर लिए। कड़ाई से पूछताछ करने पर आरोपी ने स्वीकार किया कि उसने बीट्स पिलानी में पढ़ाई नहीं की है और उसके पास कोई नौकरी नहीं है। उसने बताया कि वह अपने पिता के साथ इमू पक्षी के तेल का कारोबार करता है। जांच कराने पर शादी में दिए गए आभूषण भी नकली निकले। इसके बाद पीड़िता ने जशपुर में शिकायत दर्ज कराई, जहां से शून्य पर केस दर्ज कर केस डायरी कोनी थाने भेजी गई।
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