पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग के छात्रों ने शैक्षणिक भ्रमण कार्यक्रम के दौरान छत्तीसगढ़ विधानसभा का भ्रमण किया। विधानसभा सत्र में चल रहा पक्ष-विपक्ष की नोक-झोक भी देखने को मिला। भिलाई के शंकराचार्य प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी के विद्यार्थियों ने 16 मार्च को विधानसभा में बजट सत्र की कार्यवाही देखी और वहां के विभिन्न कक्षों और लाइब्रेरी का प्रेक्षण किया।
विद्यार्थी जब विधानसभा के दर्शक दीर्घा में उपस्थित हुए, तो उस समय बीजेपी विधायक और पूर्व मंत्री अजय चंद्राकर बजट पर अपनी राय रख रहे थे। विधानसभा कार्यवाही के दौरान सदन के सत्ता पक्ष एवं प्रतिपक्ष के सभी निर्वाचित सदस्य मौजूद थे। वहीं सदन की अध्यक्षता संतराम नेताम (उपाध्यक्ष) कर रहे थे।
विधानसभा सचिव मनीष शर्मा ने विद्यार्थियों को जानकारी दी
विधानसभा सचिव मनीष शर्मा ने विद्यार्थियों को कार्य प्रक्रिया की जानकारी देते हुए बताया कि राज्य व्यवस्था के लिए कानून बनाना, वित व्यय की स्वीकृति देने जैसे कई महत्वपूर्ण कार्य सदन में होते हैं। राज्य हित की मुद्दों पर सदन में चर्चा होती है। साल में विधानसभा के तीन सत्र होते हैं। बजट सत्र सबसे महत्वपूर्ण होता है। शर्मा ने बताया कि सामान्यतयः सत्ता और विपक्ष के सारे प्रश्नों का मौखिक या लिखित जबाव दिया जाता है। यदि प्रश्न सदन और संविधान के नियमों के अनुकूल नहीं होंगे तो उसका जबाव देना जरूरी नहीं होता।
शर्मा ने कहा
विद्यार्थियों के सवाल पर शर्मा ने कहा कि पक्ष-विपक्ष के तर्क के अतिरिक्त अभी अन्य राज्यों की तरह छत्तीसगढ़ में विधान परिषद गठन के लिए विधानसभा की संख्या पर्याप्त नहीं है। केवल मान्यता प्राप्त मीडिया संगठन को ही विधानसभा की रिपोर्टिंग की स्वीकृति दी जाती है। सोशल मीडिया जैसे वैकल्पिक मीडिया को सदन में बैठकर रिपोर्टिंग करने की स्वीकृति अभी नहीं दी गई है।
विधानसभा रिपोर्टिंग के बारे में बताया
यदि विधानसभा की कार्यवाही से कोई कथन को विलोपित कर दिया गया है तो उसे शब्दशः प्रकाशन या प्रसारण करने का नियम नहीं है। कोई योजना और काम शुरू, बंद और देर होने के सवाल पर शर्मा ने कहा कि हर पार्टी की सरकार की अपनी नीति और विचारधारा होती है और उनके कार्य करने के तरीके भी अलग-अलग होते हैं। उसी के अनुरूप वे कार्य करते हैं।
विधानसभा परिसर की जानकारी दिया
शैलेंद्र कुमार पटवा, अनुसंधान विभाग, विधानसभा रायपुर और वरिष्ठ पत्रकार समरेंद्र शर्मा ने विद्यार्थियों को विधानसभा परिसर के सेंट्रल हॉल, अन्य सभा गृहों की सुविधा और उपयोगिता की जानकारी दिया। विद्यार्थियों ने विस की लाइब्रेरी का भी अवलोकन किया।
ये रहें शामिल
विद्यार्थी भ्रमण के बाद कहा कि पहले टीवी और अखबार में विधानसभा की कार्यवाही देखते और पढ़ते थे और आज सदन में बैठकर प्रत्यक्ष कार्यवाही देखकर अच्छा लगा। विद्यार्थी भ्रमण दल का नेतृत्व यूनिवर्सिटी के एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. धनेश जोशी, असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. ललित कुमार, डॉ नरेश साहू ने किया। भ्रमण दल में बीजेएमसी, एमजेएमसी और पीएच.डी के विद्यार्थियों ने हिस्सा लिया। ज्ञात हो कि एसएसपीयू के पत्रकारिता विभाग में बीजेएमसी और एमजेएमसी और पीएच.डी पाठ्यक्रम संचालित है।