संभाग मुख्यालय राजीव भवन जगदलपुर में शनिवार को प्रेसवार्ता का आयोजन किया गया, जिसमें बस्तर जिला कॉंग्रेस कमेटी के शहर अध्यक्ष सुशील मौर्य ने प्रेसवार्ता को सम्बोधित करते हुए कहा बस्तर विकास प्राधिकरण पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार में बस्तर के विकास के लिए बस्तर विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष के रूप में बस्तर के जनप्रतिनिधि को स्थान देने का कार्य किया था, ताकि बस्तर की समस्याओं से सीधे अवगत होकर जनप्रतिनिधि बस्तर के विकास की ओर गतिमान हो सके। लेकिन वर्तमान में बस्तर विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष मुख्यमंत्री हैं, जिनका बस्तर की समस्याओं से दूर-दूर तक समझ नहीं ऐसे में बस्तर विकास प्राधिकरण से बस्तर के विकास को किसी तरह का फायदा नहीं होने वाला इसलिए बस्तर विकास प्राधिकरण का अध्यक्ष बस्तर से जुड़े जनप्रतिनिधि को तत्काल बनाएं।
बस्तर विकास प्राधिकरण की बैठक पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार में कमिश्नर कार्यालय में आहुत की जाती थी,जिससे बस्तर विकास प्राधिकरण की गरिमा भी बनी रही और बैठकों में गंभीरता भी नजर आती थी, वर्तमान सरकार ने बस्तर विकास प्राधिकरण की पहली बैठक करने में 11 महीने का समय लगा दिया और अब जब बैठक हो रही है तो वह बैठक शासकीय कार्यालय में न होकर चित्रकूट के रिसोर्ट में हो रही है, जिससे बस्तर विकास की गाथा तो दूर-दूर तक गढती नजर नहीं आ रही, यह जरूर प्रतीत हो रहा है कि बस्तर विकास प्राधिकरण की बैठक के नाम पर साय सरकार पिकनिक मनाने की योजना बनाकर यह बैठक आहूत कर रही है।
शहर कॉंग्रेस अध्यक्ष मौर्य ने कहा शहर के मेडिकल कॉलेज में सिटी स्केन की मशीनें पिछले 45 दिनों से बंद पड़ी है एक तरफ भाजपा जनजाति गौरव दिवस मना रही है वहीं दूसरी ओर इस जनजाति के लोगों को इलाज के लिए तरस रही है, स्वास्थ्य सेवाओं के लिए आबंटित पैसे केंद्र सरकार ने स्वास्थ्य सेवाओं को सुगम बनाने के लिए जो पैसे आवंटित किए हैं जिसके माध्यम से स्वास्थ्य उपकरणों की खरीदी होनी है उसे खरीदी में हो रही लेट लतीफी का परिणाम बस्तर की जनता भुगतने को मजबूर है, आज अस्पतालों में अव्यवस्थाओं का अंबार है साय सरकार इन अनिमितताओं को तत्काल दूर करें,वही डीएमएफटी फंड बस्तर के संवर्गिन विकास के लिए मिल का पत्थर साबित होता आया है, परंतु मोदी सरकार की नई डीएमएफ नीति बस्तर के संवर्गिन विकास के लिए बाधा बन गया है। बस्तर के समूचे विकास के लिए पूर्व की नीति को केंद्र सरकार अपना चाहिए, जिससे बस्तर जगदलपुर के लोगों इसका पूर्ण लाभ मिल सके।