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GPM: पिता की हत्या के आरोपी बेटे को आजीवन कारावास की सजा, इस बात से नाराज होकर उतारा था मौत के घाट

Sat, 03 Aug 2024 06:39 PM IST
Digvijay Singh अमर उजाला नेटवर्क, गौरेला पेंड्रा मरवाही

सार

गौरेला पेण्ड्रा मरवाही में पिता के हत्यारे बेटे को आजीवन कारावास की सजा, अपर सत्र न्यायाधीश पेंड्रारोड किरण थवाईत ने सुनाई हत्यारे बेटे को आजीवन कारावास की सजा।
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पिता की हत्या के आरोपी बेटे को आजीवन कारावास - फोटो : अमर उजाला
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गौरेला पेण्ड्रा मरवाही में पिता के हत्यारे बेटे को आजीवन कारावास की सजा, अपर सत्र न्यायाधीश पेंड्रारोड किरण थवाईत ने सुनाई हत्यारे बेटे को आजीवन कारावास की सजा। मरवाही थाना क्षेत्र के बहुटाडोल गांव में अगस्त 2022 को बेटे ने पिता के दूसरी शादी से नाराज होकर हर दी थी पिता की हत्या।

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पूरा घटना क्रम अगस्त 2022 का था जहा पर सोननदी के तट पर स्थित ग्राम बहुटाडोल मरवाही की था जहाँ आरोपी कृपाल सिंह ने अपने पिता मृतक हरदींन वाकरे को टंगिया से गले और पैरों पर बुरी तरह हमला कर अपने पिता की हत्या कर दी थी,आरोपी कृपाल सिंह मृतक हरदीन की पहली पत्नी का बेटा था,मृतक हरदीन जो सोननदी के एनीकट के पास बने मन्दिर में काफी दिनों से रहता था और मंदिर में पूजा पाठ किया करता था और पास की झोपड़ी में अपनी दूसरी पत्नी के साथ रहता था।

आरोपी कृपाल सिंह-मृतक हरदीन की पहली पत्नी का बेटा है,बाप और बेटे के बीच मे आये दिन लगातार किसी न किसी बात को लेकर झगड़ा होते रहता था,बाप की दूसरी शादी कर लेने के बाद से ही आरोपी बेटा कृपाल सिंह काफी तनाव में रहता था,घटना वाले दिन भी दोनों पिता पुत्र के बीच जमकर झगड़ा हुआ था हालांकि आसपास के लोगो ने दोनो के झगड़े को शांत करा दिया था लेकिन आरोपी बेटे के सर पर खून सवार हो चुका और घटना वाले दिन को दोपहर में मौका पाकर टंगिया से अपने मृतक बाप को दौड़ाकर मार रहा था इसी दौरान टंगिया से पहले पैर पर मारा और मृतक के जमीन पर गिरते ही उसके गर्दन पर टंगिया से ताबड़तोड़ वार कर मौके पर ही मार डाला था। 
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हत्या के इस पूरे मामले में माननीय अपर सत्र न्यायाधीश पेंड्रारोड किरण थवाईत ने फैसला सुनाते हुये आरोपी कृपाल सिंह वाकरे को आईपीसी की धारा 302 के तहत आजीवन कारावास और एक हजार रूपये के अर्थदंड की सजा सुनाई हैं। अर्थदंड की नही पटापने पर आरोपी को तीन माह का अतिरिक्त सश्रम कारावास की सजा भुगतनी होगी। इस मामले में शासन की ओर से पैरवी अतिरिक्त लोक अभियोजक पंकज नगायच ने किया।

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