छत्तीसगढ़ के धमतरी में बन 100 साल पुराने सिल्ली बांध के गेट खुल गए हैं। अच्छी बारिश की वजह से ऑटोमेटिक सायफन सिस्टम से बांध के गेट खुल गए। बीते दिन दिन से रूक-रूक कर बारिश हो रही है।
धमतरी जिले में तीन दिनों से रुक-रुक झमाझम बारिश हो रही है। जिससे नदी नाले उफान पर हैं। वहीं धमतरी जिले में स्थित एशिया महाद्वीप का एकलौता साइफन सिस्टम वाले मुरुम सिल्ली बांध के ऑटोमेटिक गेट खुल गए।
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बता दें कि अच्छी बारिश से बांध में पानी की आवक तेजी से हो रही है। जिसके कारण पांच टीएमसी से अधिक वाला बांध लबालब भर गया। जैसे ही पानी का स्तर खतरे के निशान पर पहुंचा तो ऑटोमेटिक साइफन गेट खुल गए और करीब 4750 सौ क्यूसेक पानी बांध से निकलने लगा।
इसके साथ ही रेगुलेटर गेट से 2000 क्यूसेक पानी डिस्चार्ज किया जा रहा है। ये सारा पानी अब गंगरेल बांध में आएगा। वहीं बारिश के चलते 9450 क्यूसेक पानी का आवक बना हुआ है। गौरतलब है कि मुरुम सिल्ली बांध को बने 100 साल पूरे हो चुके है। ऑटोमेटिक साइफन सिस्टम वाला मुरुम सिल्ली बांध पूरे एशिया में इकलौता है।जिसे 1923 में इसे अंग्रेजो ने बनाया था।फिलहाल बांध के गेट खुलने के बाद सैलानियों के पहुँचना शुरू हो गया है।