तहसीलदारों की हड़ताल के चलते कवर्धा तहसील में पसरा सन्नाटा।
- फोटो : संवाद
छत्तीसगढ़ के कबीरधाम में तहसीलदार और नायब तहसीलदार सोमवार को एक दिवसीय सामूहिक अवकाश पर हैं। इसके चलते तहसीलों में सारे राजस्व संबंधी काम अटक गए हैं। तहसीलदार और नायब तहसीलदार वेतन विसंगति दूर करने सहित 13 सूत्रीय मांग कर रहे हैं। मांगे पूरी नहीं होने पर एक मई से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने की चेतावनी दी है। इस हड़ताल से जिले के कवर्धा, पंडरिया, बोड़ला, सहसपुर लोहारा, कुंडा, पिपरिया समेत अन्य तहसील कार्यालय में राजस्व संबंधित समेत अन्य 1491 प्रकरण पेंडिंग हैं।
छत्तीसगढ़ कनिष्ठ प्रशासनिक सेवा संघ के बैनर तले तहसीलदार और नायब तहसीलदार लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं। पहले उन्होंने 19 से 23 अप्रैल तक काली पट्टी बांधकर विरोध प्रदर्शन किया। इसके बाद सोमवार को जिले के सभी तहसीलदार एक दिवसीय हड़ताल पर चले गए हैं। संघ का कहना है कि इसके बाद भी सरकार की ओर से उनकी मांगों को लेकर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। जिसके कारण राज्य के सभी तहसीलदार–नायब तहसीलदार 24 अप्रैल को सामूहिक अवकाश लेकर सांकेतिक हड़ताल पर हैं।
संघ ने चेतवानी दी है कि उनकी मांगों पर विचार नहीं किया जाता तो आने वाले दिनों में तहसीलदार और नायब तहसीलदार एक मई (विश्व मजदूर दिवस) से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले जांएगे। छत्तीसगढ़ कनिष्ट प्रशासनिक संघ के जिला अध्यक्ष मनीष वर्मा ने बताया कि उनकी मांग को लेकर पहले भी ज्ञापन सौंपा गया था। ज्ञापन देने के बाद कोई पहल नही हुई। इसके बाद 13 सूत्रीय मांग को लेकर चरणबद्ध तरीके से विरोध-प्रदर्शन शुरू किया गया।
कबीरधाम जिले के तहसील कार्यालय में पेंडिंग प्रकरण
| तहसील का नाम |
पेंडिंग प्रकरण |
| पंडरिया |
316 |
| कवर्धा |
313 |
| बोड़ला |
158 |
| सहसपुर लोहारा |
226 |
| कुंडा |
119 |
| पिपरिया |
230 |
| रेंगाखारकला |
129 |
| योग |
1491 |
नोट: आंकड़े ई-डिस्टिक पोर्टल अनुसार सोमवार दोपहर 2 बजे की स्थिति में है। इसमें आय, जाति, निवास समेत अन्य राजस्व प्रकरण शामिल है।